लोकभा चुनाव 2024 (Loksabha Election 2024) के तहत दो चरण का मतदान हो चुका है। तीसरे चरण के लिए प्रचार जोरों पर है और 7 मई को मतदाता विभिन्न उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला करेंगे। चुनाव प्रचार के दौरान एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी तेज हो गया है। चुनाव को लेकर नेताओं ने एक-दूसरे पर टिप्पणियां और आरोपों की बौछार शुरू कर दी है। इसी को लेकर टाइम्स नाउ नवभारत की स्पेशल संवाददाता पूनम शर्मा ने हिमाचल प्रदेश के पूर्व कैबिनेट मंत्री रह चुके और वरिष्ठ भाजपा नेता सुखराम चौधरी से विशेष बातचीत की। गौरतलब है कि सुखराम चौधरी शिमला लोकसभा सीट के चुनाव प्रभारी भी हैं।
वरिष्ठ भाजपा नेता सुखराम चौधरी से खास बातचीत
कंग्रेस की 15 महीने की सरकार को बताया फेलियर
उन्होंने चुनाव को लेकर कहा कि हम हर विधानसभा क्षेत्र में जा रहे हैं और लोगों का बहुत अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है। कंग्रेस की 15 महीने की सरकार एक हर मोर्चे पर फेल हुई है। इसकी नियत ठीक नहीं है। वहीं केंद्र में एनडीए की सरकार ने बेहतरीन काम किया है। इन्हीं कामों को लेकर हम लोगों के बीच जा रहे हैं और हमें अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है।
विनोद सुल्तानपुरी को कहा मजबूर कैंडिडेट
सुखराम चौधरी ने शिमला लोकसभा क्षेत्र से कांग्रेस उम्मीदवार विनोद सुल्तानपुरी के बारे में बात करते हुए कहा कि वह एक मजबूत नहीं, मजबूर कैंडिडेट हैं। उन्हें जबरदस्ती चुनाव लड़ाया जा रहा है, उनका मन चुनाव लड़ने का नहीं था, बल्कि उनका मन हिमाचल विधानसभा में रहने का ही है। जहां तक काम की बात है तो वह कह रहे हैं कि उनके पिता ने बहुत से काम किए हैं। अब वह इस दुनिया में नहीं हैं, मैं उनके बारे में कुछ कहना नहीं चाहता हूं। मेरा बस इतना कहना है कि अगर उनके पिता ने काम किए हैं तो पिछले 30 वर्षों में पोंटा साहिब विधानसभा क्षेत्र में उनके नाम की एक भी नेम प्लेट क्यों नहीं है। वह उनके नाम की एक नेम प्लेट दिखा दें।
कंग्रेस पार्टी में अंतर्कलह
राज्य में सत्तारूढ़ कांग्रेस पार्टी के भीतर चल रहे अंतर्कलह और हाल ही में कृषि मंत्री चंद्रकुमार के बयान पर जब सुखराम चौधरी से पूछा गया तो उन्होंने कहा, कांग्रेस के अंदर अंतर्कलह तो है। यही नहीं, उन्होंने कहा कि 15 महीने में 6 विधायकों का पार्टी छोड़कर चले जाना इस बात का इशारा करता है कि कांग्रेस में बहुत ज्यादा अंतर्कलह है। मुख्यमंत्री किसी को साथ लेकर नहीं चल रहे हैं। विकास के काम नहीं हो रहे हैं। विधायकों ने मु्ख्यमंत्री जी पर बड़े-बड़े आरोप लगाए हैं। इसलिए हिमाचल के लोग तंग हैं। वह पछता रहे हैं कि हमने क्यों यह सरकार बनाई? यह सरकार विकास करने में असफल है। लोगों की सेवा नहीं कर पा रही है।
कांग्रेस के नेता नहीं छिपा पा रहे अपनी बौखलाहट
सुखराम चौधरी ने हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू पर निशाना साधते हुए कहा कि वो व्यवस्था परिवर्तन की बात करते हैं लेकिन 15 माह में उनकी पोल खुल गई है। कांग्रेस के नेता अपने बौखलाहट छुपा नहीं पा रहे हैं। भारी बहुमत के बावजूद सरकार राज्यसभा सीट हार गई। जबकि भाजपा अल्पमत में होकर भी जीत गई। ऐसे हालात बन गए हैं कि कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष कहती हैं कि लोगों के काम नहीं हुए, कार्यकर्ताओं और नेताओं की अनदेखी हो रही है और विधायकों की बात नहीं सुनी जा रही है। इस कारण वो चुनाव लड़ने की स्थिति में नहीं है।
जनता के नजरों में गिर चुकी सरकार
सुखराम चौधरी ने मंडी और शिमला के उम्मीदवार विक्रमादित्य सिंह और विनोद सुल्तानपुरी पर तंज कसते हुए कहा कि यह कांग्रेस के मजबूत नहीं मजबूर उम्मीदवार है। गत दिनों प्रदेश में हुए राजनीतिक घटनाक्रम के बाद कांग्रेस सरकार की स्थिति हास्यास्पद बनी हुई है। जनता की नजरों और बहुमत की दृष्टि से सरकार गिर चुकी है।
मोदी सरकार की हैट्रिक लगना तय
आगे उन्होंने बातचीत के दौरान कहा कि मोदी सरकार की हैट्रिक लगना तय है। देश की जनता जानती है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार तीसरी बार देश की बागडोर संभालने जा रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि भाजपा लोकसभा की चारों और विधानसभा उपचुनाव की सभी सीटें जीतेगी।
पूनम शर्मा की रिपोर्ट
