Hathras Stampede UP Policeman Heart Attack: हाथरस के सिकंदराराऊ के फ़ुलरई गांव में भोले बाबा उर्फ नारायण साकार हरि (narayan sakar hari bhole baba) के सत्संग में मची भगदड़ में करीब 116 लोगों की मौत हो गई है, इस घटना में लाशों का अंबार लग गया है वहीं एटा में इतनी लाशों के ढेर देखकर एक सिपाही को हार्ट अटैक आ गया और उसकी मौके पर मौत हो गई।
इतनी लाशों के ढेर देखकर एक सिपाही को हार्ट अटैक आ गया
सिपाही जिसका नाम रवि कुमार था वो महज 32 साल का था, उसकी मेडिकल कॉलेज पर ड्यूटी लगी थी मेडिकल कॉलेज पर ही लाशें आ रही थीं। ड्यूटी के लिए काफी संख्या में पुलिस वाले भी पहुंच गए थे इसमें सिपाही रविकुमार भी शामिल था इतनी बड़ी संख्या में शवों को देख हालत बिगड़ गई।
तत्काल मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया
फिर उसे तत्काल मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया वहां कुछ देर बाद ही उसकी मौत हो गई, रवि वर्तमान में एक माह के लिए एटा शहर में क़्यू आर टी ड्यूटी पर अपने साथी शेखर प्रेमी के साथ तैनात था।
मृत सिपाही रवि 2014 में पुलिस विभाग में भर्ती हुए थे
मृत सिपाही मूल रूप से अलीगढ़ जिले के बन्ना देवी थाना क्षेत्र के सिद्धार्थनगर का रहने वाला था बताते हैं कि रवि 2014 में पुलिस विभाग में भर्ती हुए थे मृतक आश्रित में नौकरी लगी थी।
116 लोगों की मौत हो गयी
गौर हो कि उत्तर प्रदेश के हाथरस जिले के सिकंदराराऊ क्षेत्र में आयोजित भोले बाबा के सत्संग में मंगलवार को भगदड़ मच गयी, जिसमें 116 से ज्यादा लोगों की मौत हो गयी और कई अन्य घायल हैं। पीड़ितों को मृत अवस्था में या बेहोशी की हालत में ट्रकों तथा अन्य वाहनों में लाद कर सिकंदराराऊ ट्रामा सेंटर लाया गया। शवों को स्वास्थ्य केंद्र के बाहर रखा गया, जहां लोगों की भारी भीड़ एकत्र हो गई।
...तो उसी समय भगदड़ मची
एक वीडियो क्लिप में एक महिला को ट्रक में पांच छह शवों के बीच बुरी तरह रोते हुए दिखाया गया है। एक अन्य तस्वीर में एक अन्य वाहन में एक महिला और एक पुरुष अचेत अवस्था में लेटे नजर आए।वहीं एक प्रत्यक्षदर्शी को बताया कि सत्संग खत्म होने के बाद लोग जब आयोजन स्थल से निकल रहे थे, तो उसी समय भगदड़ मची। उन्होंने बताया कि लोग एक दूसरे के ऊपर गिरते चले गए।
साकार विश्व हरि भोले बाबा का सत्संग हाथरस में हो रहा था
बता दें कि संत भोले बाबा जिन्हें नारायण साकार हरि भोले बाबा (narayan sakar hari bhole baba) के नाम से भी जाना जाता है, साकार विश्व हरि भोले बाबा का सत्संग हाथरस में हो रहा था, अनुयायी इन्हें भोले बाबा (bhole baba) के नाम से पुकारते है।
हाथरस में इस कार्यक्रम का आयोजन 13 साल बाद हुआ था
आयोजन समिति के सदस्य ने बताया कि हाथरस में इस कार्यक्रम का आयोजन 13 साल बाद हुआ था। हमारे पास तीन घंटे की परमिशन थी। 1.30 बजे कार्यक्रम खत्म होने के बाद घटना हुई है। प्रशासन को अनगिनत श्रद्धालुओं के कार्यक्रम में आने की जानकारी दी गई थी। उन्होंने कहा कि एंबुलेंस नहीं थी। कार्यक्रम खत्म हुआ तो लोग एक साथ भागने लगे और भगदड़ मची। साथ ही बरसात के मौसम में कीचड़ की वजह से लोग एक-दूसरे पर गिरने लगे और हादसा हो गया।
