Saharanpur News: कलेक्ट्रेट परिसर में ध्वस्त ढांचे के नीचे मिला कुआं, इतिहास और निर्माण की जांच में जुटा प्रशासन

उत्तर प्रदेश के सहारनपुर कलेक्ट्रेट परिसर में अवैध ढाँचे को ध्वस्त करने के बाद मलबे के नीचे एक कुआं मिला है। प्रशासन अब इसके निर्माण और इतिहास की जाँच में जुट गया है, वहीं शिकायतकर्ता विकास त्यागी ने पुरातात्विक जांच की मांग की है।

उत्तर प्रदेश के सहारनपुर स्थित कलेक्ट्रेट परिसर में अवैध निर्माण पर हुई बुलडोजर कार्रवाई के बाद एक नया विवाद खड़ा हो गया है। परिसर में ध्वस्त की गई इमारत का मलबा हटाने के दौरान जमीन के नीचे एक कुआं दिखाई दिया है। ढांचे के ठीक नीचे कुआं मिलने की खबर सामने आते ही प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया और स्थानीय स्तर पर चर्चाओं का बाज़ार गर्म हो गया है। प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, जिस इमारत को ध्वस्त किया गया है, उसका निर्माण इसी कुएं के ऊपर किया गया था। अब यह सवाल उठने लगे हैं कि यह कुआं कितना पुराना है, इसे किसने बनवाया था और क्या जानबूझकर इसे ढककर इसके ऊपर निर्माण किया गया था।

Saharanpur Well in mosque

मलबे के नीचे मिला कुआं

बजरंग दल के पूर्व प्रांत संयोजक ने की ASI जांच की मांग

मामले में मुख्य शिकायतकर्ता और बजरंग दल के पूर्व प्रांत संयोजक विकास त्यागी ने कुआं मिलने के बाद बड़ा दावा किया है। विकास त्यागी का कहना है कि कुआँ मिलने से उनका शक अब यकीन में बदल गया है। उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा, "हमारा शक अब पूरी तरह सच साबित हुआ है। हिंदू धर्म में कुएं को पूजनीय माना जाता है। संभावना है कि यहाँ पहले कोई मंदिर रहा होगा जिसे तोड़कर यह ढांचा खड़ा किया गया। अगर निष्पक्ष जांच हो तो यहां प्राचीन मूर्तियां भी निकल सकती हैं।" इसके साथ ही उन्होंने स्थानीय प्रशासन और सरकार से इस पूरे स्थल की भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) से जांच कराने की मांग की है।

End of Feed