Prayagraj News: प्रयागराज के साउथ मलाका इलाके में एक ही परिवार के चार सदस्यों की संदिग्ध मौत का मामला लगातार उलझता जा रहा है। पुलिस को पहले मंगलवार शाम घर से तीन शव बरामद हुए थे। जिसके बाद देर शाम परिवार के लापता बेटे अभिषेक का शव भी मिलने से इस मामले का रहस्य और गहरा गया है। अब पुलिस इस घटना को हत्या के एंगल से देखते हुए गहन जांच कर रही है।
साउथ मलाका में एक ही परिवार के चार लोगों की मौत से सनसनी
बेटे का शव दुकान से बरामद
मंगलवार को कोतवाली थाना क्षेत्र स्थित एक मकान से परिवार के मुखिया वीरेंद्र कुमार वैश्य (70), उनकी पत्नी अनीता (65) और बेटी मीनाक्षी (45) के शव बरामद हुए थे। पुलिस ने तीनों के शवों को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया था। लेकिन उनका 40 वर्षीय बेटा अभिषेक लापता बताया जा रहा था। देर शाम पुलिस को अभिषेक का शव परिवार की ही एक दुकान से मिला। परिजनों ने उसकी पहचान की।
बोर्ड पर लिखा संदिग्ध मैसेज
पुलिस के अनुसार अभिषेक का शव कई दिन पुराना लग रहा था और शरीर फूल चुका था। जांच के दौरान पुलिस को घर की दीवारों और एक बोर्ड पर 'बंटी-बबली' और 'बहू ने मारा है' जैसे संदेश लिखे हुए मिले। जिसके बाद यह मामला और रहस्यमय बन गया है। पुलिस अब इन सुरागों के आधार पर भी जांच को आगे बढ़ा रही है।
परिवार का एक बेटा जेल में बंद
एडिशनल पुलिस कमिश्नर लॉ एंड ऑर्डर डॉ. अजय पाल शर्मा ने बताया कि फोरेंसिक टीम, डॉग स्क्वायड और फील्ड यूनिट मौके से सबूत जुटा रही हैं। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की भी जांच की जा रही है। मामले के खुलासे के लिए पांच पुलिस टीमों को लगाया गया है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में पता चला है कि मृतक का एक और बेटा अश्विनी वैश्य धोखाधड़ी के मामले में कौशांबी जेल में बंद है। उसकी पत्नी और अन्य रिश्तेदारों से भी पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों का मानना है कि शवों पर मिले चोट के निशान किसी भारी चीज से हमले की तरफ इशारा करते हैं। फिलहाल पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है और सभी पहलुओं से मामले की जांच कर रही है। पुलिस ने जल्द ही पूरे मामले का खुलासा करने का दावा किया है।
