Jammu Kashmir News: राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (NIA) ने शनिवार को जम्मू-कश्मीर में 10 ठिकानों पर तलाशी ली। यह कार्रवाई सीमा पार आतंकवादी साजिश से जुड़े एक मामले में की गई, जिसमें पाकिस्तान स्थित आकाओं और स्थानीय मददगारों का एक नेटवर्क कथित रूप से शामिल है।
जम्मू-कश्मीर में NIA का बड़ा एक्शन
क्या है तलाशी अभियान का लक्ष्य?
यह नेटवर्क कथित तौर पर भारत में घुसपैठ करने वाले आतंकवादियों को रसद और अन्य सहायता प्रदान कर रहा था। एनआईए द्वारा जारी एक बयान के अनुसार श्रीनगर, कुपवाड़ा, अनंतनाग, पुलवामा और बडगाम में की गई इस तलाशी अभियान का उद्देश्य साजिश से जुड़े दस्तावेजी, डिजिटल और अन्य भौतिक सबूत जुटाना तथा कथित तौर पर स्थानीय सहायता नेटवर्क से जुड़े लोगों की भूमिका का पता लगाना था।
पाकिस्तानी आतंकवादियों की गिरफ्तारी
यह मामला 31 मार्च 2026 की देर रात एक जांच चौकी पर प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा से कथित रूप से जुड़े एक मददगार की गिरफ्तारी के बाद शुरू किया गया था। उसके कब्जे से एक हथगोला और कारतूस बरामद किए गए थे। जांच एजेंसी ने कहा कि जांच के दौरान साजिश से कथित रूप से जुड़े पाकिस्तानी आतंकवादियों को गिरफ्तार किया गया। साथ ही, स्थानीय मददगार नेटवर्क के सदस्यों की पहचान और उनकी कथित भूमिकाओं का भी पता लगाया गया।
जांच के नतीजों के आधार पर होगी कानूनी कार्रवाई
बयान के अनुसार जांच में वित्तीय लेन-देन, संचार माध्यमों, आरोपियों की आवाजाही तथा हथियारों और विस्फोटकों के स्रोत की भी पड़ताल की जा रही है, ताकि पूरे नेटवर्क और उसकी गतिविधियों के दायरे का पता लगाया जा सके। इसके अनुसार एनआईए साजिश में शामिल सभी लोगों की पहचान करने और उनकी भूमिका का पता लगाने के लिए अपनी जांच जारी रखे हुए है। वहीं बयान में यह भी कहा गया है कि जांच के नतीजों के आधार पर कानूनी कार्रवाई की जायेगी, जिसमें गिरफ्तारियां या बरामदगी भी शामिल हो सकती हैं।
