Elevated Highway: महाराष्ट्र के दो शहरों की दूरी घटने वाली है। इन दोनों शहरों के बीच आठ लेन का एलिवेटेड कॉरिडोर बनाया जाएगा, जिससे दोनों शहरों की बीच दूरी तो कम होगी ही, साथ ही सफर में लगने वाला समय भी घट जाएगा। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने हाल ही में कई सारी सड़क परियोजनाओं को मंजूरी दी है। इनमें नासिक से पुणे खेड़ (Nashik Pune Elevated Highway) तक 30 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड कॉरिडोर भी शामिल है, जिसे कैबिनेट ने मंजूरी दी है। इस पर जल्द ही काम शुरू हो जाएगा। आइए, इस एलिवेटेड कॉरिडोर से संबंधित सभी पहलुओं को जानते हैं।
फाइल फोटो।
आठ लेन का होगा एलिवेटेड हाईवे
इस कॉरिडोर को नासिक से पुणे के खेड़ (Nashik Pune Elevated Highway) तक बनाया जाएगा। यह 30 किमी लंबा एलिवेटेड हाइवे होगा, जो आठ लेन का बनेगा। इस वजह से सफर के दौरान जाम जैसी समस्या का सामना भी नहीं करना पड़ेगा। बता दें कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना में कुल 7,827 करोड़ रुपये का निवेश होगा।
जाम की समस्या से मिलेगी निजात
जानकारी के अनुसार, नया एलिवेटेड कॉरिडोर एनएच-60 के साथ चाकन और भोसरी के औद्योगिक केंद्रों के बीच हाई-स्पीड कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए डिजाइन किया गया है। इस कॉरिडोर के बन जाने से पिंपरी-चिंचवड इलाके में वर्तमान में लगने वाले ट्रैफिक जाम को काफी हद तक कम कर दिया जाएगा। साथ ही आसपास के इलाकों में व्यापार बढ़ाने और परिवहन में सुधार होने की उम्मीद है।
दो खंड में होगा निर्माण
इसके निर्माण योजना के तहत मौजूदा सड़क को चार से छह-लेन कॉन्फ़िगरेशन में अपग्रेड किया जाएगा और सिंगल-पियर आठ लेन एलिवेटेड फ्लाईओवर शामिल है। इसके अतिरिक्त, दोनों तरफ दो लेन की सर्विस रोड का निर्माण किया जाएगा। जानकारी के मुताबिक, नासिक-पुणे एलिवेटेड हाईवे को दो खंडों में तैयार किया जाएगा। इसके पैकेज-1 में 12.190 से किमी 28.925 तक और पैकेज-2 में 28.925 किमी 42.113 तक निर्माण कार्य होना है।
केंद्रीय कैबिनेट ने दी मंजूरी
बता दें कि केंद्रीय कैबिनेट ने देश भर में आठ राष्ट्रीय हाई-स्पीड कॉरिडोर परियोजनाओं को मंजूरी दी है। इन परियोजनाओं के तहत 936 किलोमीटर रोड नेटवर्क का विस्तार करना है और इस 50,655 करोड़ रुपये की लागत आएगी। साथ ही इससे करीब 4.42 करोड़ लोगों को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष लोगों को रोजगार मिलेगा। इसी में पुणे-नासिक एलिवेटेड कॉरिडोर (Nashik Pune Elevated Highway) को शामिल किया गया है।
