Mumbai News: ठाणे के एक कारोबारी के किडनैप किए गए 12 साल के बेटे को ठाणे पुलिस ने छुड़ा लिया है। पुलिस को यह सफलता 75 घंटे में ही मिल गई। आरोपी पुलिस से बचने के लिए बच्चे को लेकर नासिक, पालघर, सिल्वासा और गुजरात के सूरत तक भागते रहे। वहीं, बच्चे को बचाने और अपहरणकर्ताओं को पकड़ने के लिए पुलिस की 20 टीमों में शामिल 200 पुलिसकर्मी इनके पीछे लगे रहे और आखिरकर इन्हें पालघर के एक जंगल से दबोच लिया। पकडे़ गए सभी अपहरणकर्ता गुजरात के रहने वाले हैं। इन आरोपियों पर पहले से डबल मर्डर, डकैती, शराब तस्करी जैसे कई मामले दर्ज हैं।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में पुलिस अभियान की जानकारी देते ठाणे पुलिस आयुक्त
ठाणे पुलिस के वरिष्ठ निरीक्षक एस बगडे ने बताया कि, आरोपियों ने एमआईडीसी परिसर में रहने वाले रंजीत झा के बेटे रुद्र का मिलाप नगर में ट्यूशन पढ़ने जाते समय किडनैप कर लिया था। जब बेटा समय पर घर पर नहीं पहुंचा तो परिजनों ने इसकी जानकारी पुलिस को दी। इसी दौरान परिजनों के पास एक फोन आया, जिसमें उनके बेटे से बात करवाकर किडनैपरों ने डेढ़ करोड़ रुपये फिरौती की मांग की। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की 20 टीमें बनाई गई थी। इन टीमों को हर जगह भेजा गया। फोन करने वाले के स्थान को भी ट्रैक किया। इस दौरान पुलिस को भनक लगी की आरोपी नासिक पार कर पालघर की ओर मुड़ गए है। जिसके बाद स्थानीय पुलिस से मदद मांगकर आरोपियों को रोकने की कोशिश की गई।
पुलिस ने की कार की पहचान तो भाग गए जंगल में
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि, इस दौरान आरोपियों को भी भनक लग गई थी कि पुलिस ने उनकी कार पहचान ली है, इसलिए वे कार को बीच में ही छोड़ अपहृत बच्चे के साथ जंगल में भाग गए। इसके बाद पुलिस ने स्थानीय निवासियों की मदद से जंगल में तलाशी अभियान शुरू किया। इसी दौरान पुलिस को पालघर के एक घर के बारे में पता चला। जब वहां छापा मारा गया तो वह सभी आरापी वहीं छिपे मिलें। पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर बच्चे को सुरक्षित बचा लिया। पुलिस ने बताया कि, आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 363, 364 (ए) और 385 के तहत मामला दर्ज किया गया है। आरोपियों से पूछताछ कर पूरे साजिश का पता लगाया जा रहा है।
