गणेशोत्सव के अवसर पर इस बार यात्रियों को सफ़र की कोई दिक़्क़त न हो, इसके लिए भारतीय रेलवे ने रिकॉर्ड 380 गणपति स्पेशल ट्रेन यात्राएँ चलाने की घोषणा की है। यह अब तक का सबसे बड़ा संचालन होगा।
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, 2023 में जहाँ 305 स्पेशल ट्रिप्स चलाई गई थीं, वहीं 2024 में यह संख्या बढ़कर 358 पहुँची। अब 2025 में इसे और विस्तार देते हुए 380 सेवाएँ उपलब्ध कराई जाएंगी।
सेंट्रल रेलवे यात्रियों की सबसे अधिक मांग को देखते हुए 296 सेवाएँ संचालित करेगा। वेस्टर्न रेलवे 56, कोंकण रेलवे (KRCL) 6 और साउथ वेस्टर्न रेलवे 22 विशेष ट्रेन यात्राएँ चलाएंगे।
कोंकण मार्ग पर चलने वाली ट्रेनों को कई छोटे-बड़े स्टेशनों पर भी ठहराव दिया गया है। इनमें कोलाड, इंदापुर, माणगाव, खेड, चिपलून, रत्नागिरी, कणकवली, सिंधुदुर्ग, सावंतवाडी रोड, करमाली, मडगांव जंक्शन, करवार, उडुपी और सुरथकल जैसे प्रमुख स्टेशन शामिल हैं।
गणेश पूजा का आयोजन इस बार 27 अगस्त से 6 सितम्बर 2025 तक होगा। भीड़ को देखते हुए रेलवे ने 11 अगस्त से ही स्पेशल ट्रेनों का संचालन शुरू कर दिया है, और त्योहार के नज़दीक आते-आते सेवाएँ और तेज़ी से बढ़ाई जाएंगी।
रेलवे ने यात्रियों से अपील की है कि वे अपनी यात्रा की जानकारी और टिकट की बुकिंग के लिए IRCTC वेबसाइट, RailOne ऐप और कंप्यूटरीकृत PRS का उपयोग करें।
गणेशोत्सव के दौरान लाखों श्रद्धालु मुंबई और पुणे से अपने गाँव लौटते हैं। ट्रेनों में सामान्य दिनों की तुलना में कई गुना अधिक भीड़ रहती है।रेलवे ने यह भी बताया कि स्पेशल ट्रेनों में आधुनिक कोच, अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था और ऑनबोर्ड सुविधाओं पर भी ध्यान दिया जाएगा। यात्रियों की निगरानी के लिए सीसीटीवी और स्टेशन पर विशेष हेल्प डेस्क की व्यवस्था की जाएगी। इसके अलावा भीड़ को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त रेलवे पुलिस बल की तैनाती की जाएगी, जिससे श्रद्धालुओं का सफ़र और भी सुरक्षित और सहज हो सके।
इस ऐतिहासिक निर्णय से मुंबई और कोंकण क्षेत्र में गणपति भक्तों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
