Maharashtra News: महाराष्ट्र में अपर्याप्त मानसूनी बारिश के कारण खड़े हुए गंभीर सूखे के संकट से निपटने के लिए राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर प्रयास तेज हो गए हैं। राज्य के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने शनिवार को ऐलान किया है कि उनकी पार्टी शिवसेना राज्यभर के सूखा प्रभावित किसानों और उनके परिवारों को हरसंभव सहायता और संबल प्रदान करेगी। ठाणे के पास डोंबिवली में डीएनसी स्कूल मैदान में आयोजित नवरात्र उत्सव में शामिल होने के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए उपमुख्यमंत्री ने यह घोषणाएं कीं।
सूखा प्रभावित किसानों को मिलेगी मदद
305 तहसीलों में सूखे का संकट
इस साल मानसून की बेरुखी के चलते राज्य की कुल 358 में से 305 तहसीलों में सूखा घोषित किया जा चुका है, जिससे अन्नदाताओं की मुश्किलें बेहद बढ़ गई हैं। किसानों की इस दयनीय स्थिति को देखते हुए स्थानीय नवरात्र उत्सव के आयोजकों ने इस बार समारोह का आयोजन बेहद सीमित स्तर पर करने का निर्णय लिया था।
किसानों के परिवारों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर और मजबूत बनाने के लिए उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कई महत्वपूर्ण राहत उपायों की रूपरेखा साझा की सूखा प्रभावित किसान परिवारों की महिलाओं को सिलाई मशीनें वितरित की जाएंगी, ताकि वे घर बैठे अपनी आजीविका कमा सकें। शिवसेना संकट से जूझ रहे ऐसे परिवारों की बेटियों के विवाह के लिए आर्थिक सहायता राशि भी प्रदान करेगी। उपमुख्यमंत्री ने बताया कि पार्टी की आगामी वार्षिक दशहरा रैली के दौरान राशन किट और जरूरी सामग्रियों से भरे ट्रकों का एक बड़ा बेड़ा विशेष रूप से सूखा प्रभावित क्षेत्रों के लिए रवाना किया जाएगा।
सामुदायिक सहयोग की अपील
संकट की इस घड़ी में सरकार और पार्टी के साथ-साथ समाज के सक्षम वर्गों को भी आगे आने की जरूरत है। उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने राज्य के नागरिकों, व्यापारियों और सामुदायिक नेताओं से अपील की है कि वे इस आपदा से जूझ रहे किसान परिवारों की मदद के लिए खुले दिल से आगे आएं। डोंबिवली के इस कार्यक्रम के दौरान शिवसेना के स्थानीय नेताओं और गणमान्य लोगों ने उपमुख्यमंत्री को किसानों की सहायता के लिए राहत राशि के चेक भी सौंपे। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि सरकार और पार्टी के इन समन्वित प्रयासों से भीषण सूखे की मार झेल रहे किसानों को काफी हद तक संबल और मानसिक ढांढस बंधेगा।
