नोएडा एसटीएफ ने विजयनगर इलाके में बड़ी कार्रवाई करते हुए साइबर ठगी करने वाले गैंग का भंडाफोड़ किया है। यह गैंग कमीशन पर फर्जी बैंक अकाउंट उपलब्ध कराता था, जिनका इस्तेमाल ऑनलाइन फ्रॉड में किया जाता था। पुलिस ने मौके से 25.6 लाख रुपए कैश, नोट गिनने की मशीन और फर्जी आधार कार्ड बरामद किए हैं।
जांच में सामने आया है कि इस गैंग के पास से 100 से ज्यादा बैंक अकाउंट डिटेल्स मिली हैं, जिनपर पहले से कई साइबर फ्रॉड की शिकायतें दर्ज हैं। हैरानी की बात यह भी है कि बिहार में बंधन बैंक और एचडीएफसी बैंक के कुछ कर्मचारियों की मिलीभगत भी इस रैकेट में पाई गई है। ठग लोग बड़े नोट के बदले ज्यादा छोटे नोट देने का झांसा देकर लोगों को रद्दी थमा देते थे।
एसटीएफ ने इस कार्रवाई में गैंग के सरगना शुभम राज उर्फ बाबा समेत कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इस प्रकार हुई है—शुभम राज (छपरा, बिहार), प्रदीप कुमार (पटना, मूल रूप से सिवान), धीरज मिश्रा (पटना, मूल रूप से भोजपुर), सोनू कुमार (सारण, बिहार), अमरजीत कुमार (सारण, बिहार) और अनुराग (बुलंदशहर, यूपी)।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, ये लोग लंबे समय से लोगों को ठगने का काम कर रहे थे और देशभर में फैले साइबर क्राइम नेटवर्क से जुड़े थे। STF का कहना है कि इनके जरिए साइबर अपराधियों को आसानी से बैंक अकाउंट और नकदी की सप्लाई होती थी।
फिलहाल, पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। इस मामले से जुड़े अन्य लोगों और बैंक कर्मचारियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। STF का दावा है कि इस गिरोह का पर्दाफाश होने से साइबर ठगी के कई मामलों का खुलासा होने की संभावना है।
यह कार्रवाई साइबर अपराध के खिलाफ STF की बड़ी सफलता मानी जा रही है।
