कल का मौसम कैसा रहेगा : मौसम विभाग ने अगले एक सप्ताह में मानसून की वापसी होने की बात कही है। उससे पहले जमकर मेघ बरसने के संकेत दिए गए हैं। खासकर, उत्तर भारत में धूप और उमस की एंट्री के कारण बारिश की जरूरत महसूस हो रही है। ऐसे में राजस्थान, हरियाणा, पंजाब, दिल्ली-एनसीआर, बिहार और उत्तर प्रदेश में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने के साथ मध्यम से भारी बारिश की संभावना व्यक्त की जा रही है। इस दौरान आकाशीय बिजली गिरने का खतरा जताया गया है। उधर, पहाड़ों पर भी मौसमी तंत्र के एक्टिव रहने से उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के ऊपरी हिस्सों से लेकर मैदानी भागों तक काले बादलों की आवाजाही रहेगी और मध्यम स्तर की वर्षा होने से लैंडस्लाइड का अलर्ट है। स्काईमेट ने गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश के साथ तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, केरल और तमिलनाडु में भी तेज बारिश का पूर्वानुमान है। कमोबेश ऐसा ही मौसम पूर्वोत्तर के राज्यों में बने रहने का अनुमान है।
कल का मौसम
दिल्ली-एनसीआर में कल का मौसम
दिल्ली-एनसीआर में मौसम का मिजाज थोड़ा सुस्त पड़ता दिखाई दे रहा है। हालांकि, मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के दौरान बादलों की आवाजाही और मध्यम से तेज बारिश की संभावना व्यक्त की है। इस दौरान मेघ गर्जन के साथ अच्छी खासी वर्षा से तापमान में गिरावट हो सकती है। फिलहाल, दिन में धूप निकलने से दिन में तपिश बढ़ी और लोगों को उमस परेशान कर रही है। हालांकि, रात में मौसम काफी सुहावना प्रतीत हो रहा है। आईएमडी की मानें तो शनिवार को न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। हालांकि, दिन में आंशिक रूप से बादल छाए रहने की संभावना है। फिलहाल, मौसमी गतिविधियां होने से एक्यआई 100 के आसपास है, जिससे प्रदूषण का स्तर नॉर्मल है। सीपीसीबी के मुताबिक, शून्य से 50 के बीच एक्यूआई को अच्छा, 51 से 100 को संतोषजनक, 101 से 200 को मध्यम, 201 से 300 को खराब, 301 से 400 को बहुत खराब और 401 से 500 को गंभीर श्रेणी में रखा जाता है।
राजस्थान में कैसा रहेगा मौसम
राजस्थान के कई जिलों में भारी से अति भारी बारिश का सिलसिला जारी है। मौसम विभाग के अनुसार कई जगह बारिश की गतिविधियां आगे भी जारी रह सकती हैं। पिछले 24 घंटे के दौरान डूंगरपुर, सलूम्बर, अजमेर, ब्यावर, भीलवाड़ा, भरतपुर, बूंदी, सवाईमाधोपुर, सिरोही, टोंक और उदयपुर जिलों में भारी बारिश दर्ज की गई। इसके अलावा बांसवाड़ा, चित्तौड़गढ़, राजसमन्द, प्रतापगढ़, बारां, दौसा, धोलपुर, जयपुर, ब्यावर, कोटा, सीकर, झुंझुनू, सिरोही, बीकानेर, डीडवाना कुचामन, नागौर, फलोदी, जोधपुर तथा पाली जिलों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई। आईएमडी के मुताबिक, 20 सितंबर तक दक्षिण-पूर्वी व पूर्वी राजस्थान में कहीं-कहीं हल्की मध्यम बारिश हो सकती है। हालांकि 21 सितंबर से राज्य के अधिकतर भागों में मौसम मुख्यतः शुष्क रहने की संभावना है।
दक्षिण-पूर्वोत्तर में कैसा रहेगा मौसम
पूर्वोत्तर भारत में मौसम का मिजाज बिगड़ने का अलर्ट जारी है। मौसम विभाग ने अगले दो दिन तक अरुणाचल प्रदेश, असम, सिक्किम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा और ओडिशा समेत पश्चिम बंगाल के कुछ हिस्सों पर आंधी-तूफान के साथ मध्यम से भारी बारिश का अलर्ट घोषित किया है। इस दौरान लोगों को समुद्री हिस्सों से दूर रहने की चेतावनी दी गई है। स्काईमेट ने केरल, लक्ष्यद्वीप, कर्नाटक, तमिलनाडु, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में भी तेज तूफानी बारिश की संभावना व्यक्त की गई है। ये मौसमी गतिविधियां अगले कई दिनों तक जारी रहने का अनुमान है।
ओडिशा में भारी बारिश का अलर्ट
ओडिशा में बंगाल की खाड़ी में बनने वाले लो प्रेशर एरिया के क्षेत्र को देखते हुए 20 जिलों को अलर्ट जारी किया गया है और 10 अन्य जिलों को सतर्क रहने को कहा है। अगले 3-4 दिनों के दौरान दक्षिण ओडिशा-उत्तरी आंध्र प्रदेश के तटों की ओर बढ़ने की संभावना है। हालांकि इस सिस्टम के 'डिप्रेशन' में बदलने की संभावना है, लेकिन मौसम विभाग ने अभी तक यह साफ़ तौर पर नहीं बताया है कि यह चक्रवाती तूफ़ान का रूप लेगा या नहीं। हालांकि, 22 सितंबर से दक्षिण ओडिशा में ज़ोरदार बारिश शुरू हो जाएगी।
