कल का मौसम कैसा रहेगा : देशभर में मानसूनी बारिश से मौसम काफी सुहावना है, लेकिन कई हिस्सों पर सिरदर्दी पैदा कर रहा है। खासकर, पूर्वोत्तर भारत के कुछ हिस्सों पर बाढ़ से जनजीवन पर बुरा प्रभाव है। मौसम विभाग की मानें तो डिप्रेशन के प्रभाव से अगले 24 घंटे के दौरान ओडिशा, छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश, झारखंड और उत्तर प्रदेश के विभिन्न इलाकों में भारी बारिश संभावना है। इधर पहाड़ों पर उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के कुछ हिस्सों पर तेज वर्षा का अलर्ट है और लैंडस्लाइड व बाढ़ का खतरा है। आईएमडी ने पंजाब, हरियाणा, दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और बिहार तक बारिश की गतिविधियों में तेजी आने का पूर्वानुमान जताया है। हालांकि, स्काईमेट ने दक्षिण भारत के कई हिस्सों में मानसून के अभी कमजोर होने की बात कही है। कमोबेश यही हालात गुजरात और महाराष्ट्र के हिस्सों पर बने रहने का अनुमान है।
15 अगस्त का मौसम
दिल्ली-एनसीआर का कल कैसा रहेगा मौसम
दिल्ली-एनसीआर के कई इलाकों में बारिश हो रही है, जिससे कई स्थानों पर जलभराव की स्थिति हो गई। मौसम विभाग ने शहर में अगले 24 घंटे के लिए ’ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार, छतरपुर में सबसे अधिक 24.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इसके बाद पूसा में 15 मिमी., नारायणा में नौ मिमी. और पालम में आठ मिमी. बारिश हुई। मयूर विहार में 6.5 मिमी., सफदरजंग में 5.2 मिमी., आया नगर में 3.5 मिमी., लोधी रोड में 2.7 मिमी., जनकपुरी में 2.5 मिमी. और रिज इलाके में 0.8 मिमी. बारिश दर्ज की गई। उत्तर-पूर्वी दिल्ली और उत्तर व उत्तर-पश्चिम दिल्ली के कई इलाकों में भी बारिश की खबर है। आईएमडी ने दिल्ली के लिए ’ऑरेंज अलर्ट’ जारी करते हुए शहर में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने का पूर्वानुमान जताया है।
राजस्थान का मौसम कैसा रहेगा
राजस्थान में मानसून की सक्रियता से अनेक इलाकों में पिछले कई दिनों से जोरदार बारिश हो रही है। जयपुर मौसम केंद्र के अनुसार, चित्तौड़गढ़ और माउंट आबू में भारी बारिश का अलर्ट है। जयपुर और बारां जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। मौसम केंद्र के अनुसार 15 अगस्त को जोधपुर, उदयपुर व अजमेर संभाग के अधिकतर भागों से बारिश की गतिविधियों में कमी होने की संभावना है। हालांकि बीकानेर, जयपुर, भरतपुर, कोटा संभाग के कुछ भागों में मध्यम से तेज बारिश हो सकती है। वहीं 15 अगस्त से राज्य के उत्तरी व उत्तर-पूर्वी भागों को छोड़कर अधिकतर भागों में बारिश की गतिविधियों में कमी होगी।
हिमाचल प्रदेश का मौसम कैसा रहेगा
हिमाचल प्रदेश में मानसून ने एक बार फिर रफ्तार पकड़ ली है। आईएमडी की मानें ने 14, 17 और 18 अगस्त के लिए कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। कुछ जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर , चंबा, मंडी , सिरमौर, सोलन, बिलासपुर, कांगड़ा और मंडी में हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी है। कुल्लू, कांगड़ा, मंडी और शिमला के लिए भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। एक-दो स्थानों पर बारिश की तीव्रता ज्यादा हो सकती है। आईएमडी ने बताया कि 16 अगस्त की देर रात से मानसून की सक्रियता फिर से तेज होगी। लगातार बारिश के कारण प्रदेश की प्रमुख नदियों और नालों में जलस्तर बढ़ने की संभावना है। भूस्खलन और बाढ़ जैसी स्थिति भी बन सकती है। खासकर शिमला, सोलन जैसे पहाड़ी क्षेत्रों में लैंडस्लाइड का खतरा ज्यादा रहेगा। कमोबेस ऐसा ही मौसम हिमाचल प्रदेश का रहने वाला है।
ओडिशा में भारी बारिश का अलर्ट
ओडिशा में दो दिनों से हो रही भारी बारिश के बाद पांच जिले फिर बाढ़ की चपेट में आ गए हैं। अधिकारियों के अनुसार, बालासोर, मयूरभंज, भद्रक, जाजपुर और क्योंझर जिले फिर से बाढ़ की चपेट में आ गए हैं। भारी बारिश के कारण बैतरणी नदी का जलस्तर बढ़ने से क्योंझर जिले में भी बाढ़ की स्थिति बन गई है। जोडा, चंपुआ, बारबिल और आनंदपुर प्रखंड प्रभावित हुए हैं और आनंदपुर रिंग तटबंध में दरार पड़ने के बाद पानी रिहायशी इलाकों में घुस गया है। बुधबलंग नदी चेतावनी स्तर को पार कर गई है और प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों से करीब 3,000 लोगों को निकालकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है। जलका और बुधबलंग नदियों के निचले इलाकों में स्थित कई गांव बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। मौसम विभाग ने सुंदरगढ़, बरगढ़, संबलपुर और झारसुगुड़ा जिलों के लिए शनिवार सुबह साढ़े आठ बजे तक भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान जताते हुए ’ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया है। इसमें 14 अन्य जिलों में भी भारी बारिश का अनुमान जताया गया है। समुद्र में स्थिति खराब रहने के अनुमान को देखते हुए मछुआरों को सलाह दी गई है कि वे 15 अगस्त की सुबह तक बंगाल की खाड़ी में न जाएं।
झारखंड में कैसा रहेगा मौसम
झारखंड में मेदिनीनगर और पूर्वी सिंहभूम जिले के मुख्यालय जमशेदपुर में कई इलाके जलमग्न हो गए हैं। लगातार बारिश की वजह से नदियों का जलस्तर बढ़ने से रिहायशी इलाकों में पानी घुस गया है। मेदिनीनगर के कंडू मोहल्ले में आज सुबह-सुबह उत्तरी कोयल नदी का पानी घुसने से 200 से अधिक घर डूब गए हैं और सड़कों पर पानी भर गया है। जिले के अधिकारियों को सतर्क रहने और लोगों को उफनती नदी के पास जाने से रोकने का निर्देश दिया गया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि बाद में दिन के समय जलस्तर कम हो सकता है। खरकई और सुवर्णरेखा नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही थीं। प्रशासन स्थिति पर नजर रख रहा है और जलग्रहण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क कर दिया है।
