कल का मौसम 01 नवंबर 2026 : उत्तर भारत में पिछले 48 घंटे के दौरान हुई मौसमी गतिविधियों के कारण तापमान में बड़ी गिरावट दर्ज की जा रही है। आईएमडी ने दिल्ली-एनसीआर, राजस्थान, हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश में मौसम साफ रहने का अनुमान जताया है। हालांकि, बिहार में पानी बरसने का अनुमान है। अब रात और दिन के मौसम में तरावट आएगी और लोगों को सर्दी का एहसास होगा। उधर, पहाड़ों पर भी पश्चिमी विक्षोभ कमजोर हो रहा है, जिससे उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में बारिश की गतिविधियां थम जाएंगी। हालांकि, ऊंचाई वाले हिस्सों पर बर्फबारी का सिलसिला जारी रहेगा, जिससे ठंडक बढ़ेगी। स्काईमेट ने बंगाल की खाड़ी में डीप डिप्रेशन बनने जा रहा है, जो आंध्र प्रदेश की ओर बढ़ेगा और उसके एक नवंबर को समुद्री तट से टकराने की संभावना है, जिससे दक्षिण भारतीय राज्यों में बारिश की गतिविधियां बढ़ेंगी। उधर, ओडिशा समेत पूर्वोत्तर के हिस्सों पर भी आंधी-तूफान और वर्षा का पूर्वानुमान है। मौसम विभाग ने अर्नब चक्रवात के बाद एक नए चक्रवाती तूफान की चेतावनी जारी की गई है।
मौसम आज-कल
बिहार में बारिश होगी क्या
बिहार के कई जिलों में मौसम बदलने वाला है। आईएमडी ने भारी बारिश के साथ-साथ आंधी-तूफान और तेज हवाएं चलने की संभावना जताई है। पटना मौसम विज्ञान केंद्र ने भोजपुर, सारण, सीवान, पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण, पूर्णिया, अररिया, किशनगंज, कटिहार, खगड़िया, मुंगेर, बांका, भागलपुर, लखीसराय, बेगूसराय और जमुई के लिए 'येलो अलर्ट' जारी किया है। इसमें आंधी-तूफान, बारिश और 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है। उधर, पटना, भोजपुर, बक्सर, कैमूर, रोहतास और औरंगाबाद जिलों के लिए बिजली गिरने और बारिश होने का 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया गया है। वहीं, सीतामढ़ी और मधुबनी के लिए 'रेड अलर्ट' जारी किया गया है।
राजस्थान में कैसा रहेगा मौसम
राजस्थान में एक नए पश्चिमी विक्षोभ के असर से हल्की से मध्यम बारिश हुई है, अभी राज्य में कुछ दिन मौसम साफ रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार शनिवार सुबह तक के चौबीस घंटे में पूर्वी राजस्थान में कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश रिकॉर्ड की गई। पश्चिमी राजस्थान के अधिकांश भागों में मौसम मुख्यत: शुष्क रहा। इस दौरान अधिकतम तापमान बाड़मेर में 34.7 डिग्री सेल्सियस व न्यूनतम तापमान फतेहपुर में 13.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
दिल्ली-एनसीआर में कैसा रहेगा मौसम
दिल्ली-एनसीआर में बारिश और तेज हवाओं के कारण तापमान में कमी आई है, जिससे लोगों को ठंडक का एहसास हो रहा है। हालांकि, मौसमी गतिविधियों के कारण प्रदूषण की मार झेल रहे दिल्ली, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद और गुरुग्राम में साफ हवा होने से लोग चैन की सांस ले रहे हैं। सीपीसीबी के मुताबिक, बारिश और तेज हवाओं के कारण वातावरण में मौजूद धूल और प्रदूषण के कण काफी हद तक साफ हो गए हैं। फिलहाल, दिल्ली समेत एनसीआर के प्रमुख शहरों में एक्यूआई ग्रीन जोन में रिकॉर्ड किया जा रहा है। अब अधिकतम तापमान गिरकर 24 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम में अचानक आए इस बदलाव ने सर्दी की दस्तक का एहसास करा दिया है। हालांकि, एक नवंबर को आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रह सकते हैं। हालांकि, देर शाम तक एक्यूआई बढ़कर 115 के ऊपर पहुंच गया है।
तमिलनाडु में कैसा रहेगा मौसम
तमिलनाडु के नीलगिरी जिले में 2 नवंबर को कुछ जगहों पर आकाशीय बिजली कड़कने के साथ भारी बारिश होने की संभावना व्यक्त की जा रही है। आईएमडी के मुताबिक, दक्षिण अंडमान क्षेत्र में बन रहा एक मजबूत मौसमी सिस्टम राज्य के कई हिस्सों में मौसम बदल सकता है। दक्षिण अंडमान क्षेत्र में बना लो प्रेशर एरिया शनिवार को और मजबूत हुआ है और अगले दो दिनों में आंध्र प्रदेश के तट की ओर बढ़ेगा। इसके आगे बढ़ने से तमिलनाडु के तटीय और आंतरिक इलाकों में रुक-रुक कर बारिश होने की संभावना है। पश्चिमी घाट से सटे जिलों और चेन्नई सहित तटीय तमिलनाडु के इलाकों में हल्की बारिश का अनुमान जताया गया है। हालांकि, राज्य के बाकी हिस्सों में मौसम शुष्क रहने की संभावना है। मदुरै, तिरुचि, नमक्कल, सलेम, इरोड और करूर में मध्यम बारिश हो सकती है।
बंगाल की खाड़ी में तूफान का बड़ा असर
बंगाल की खाड़ी में एक्टिव वेदर सिस्टम तेजी से मजबूत हो रहा है। आईएमडी के अनुसार दक्षिण-पूर्वी बंगाल की खाड़ी और उससे सटे अंडमान-निकोबार द्वीप समूह एवं अंडमान सागर के ऊपर बना लो प्रेशर एरिया अगले कुछ घंटों में अवदाब और उसके बाद चक्रवाती तूफान में तब्दील हो सकता है। इसके 2 नवंबर की शाम तक आंध्र प्रदेश तट के निकट पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी पहुंचने की संभावना है। 31 अक्टूबर की सुबह 8:30 बजे यह प्रणाली दक्षिण-पूर्वी बंगाल की खाड़ी के ऊपर स्थित थी। मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि यह पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए अगले 24 घंटों के भीतर चक्रवाती तूफान का रूप ले सकती है। दक्षिण और पूर्वी भारतीय राज्यों में तेज हवाएं और गरज-चमक के साथ भारी से अत्यधिक भारी बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।
आंध्र प्रदेश में चक्रवाती तूफान का अलर्ट
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में 2 नवंबर को कहीं-कहीं अत्यधिक भारी बारिश हो सकती है। वहीं 3 नवंबर को भी कई इलाकों में बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है। रायलसीमा में 2 और 3 नवंबर को बहुत भारी बारिश की संभावना है और ओडिशा में 3-4 नवंबर को बहुत भारी वर्षा का अलर्ट है। 3 नवंबर को तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में 50-60 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से चलने वाली हवाओं के साथ थंडरस्क्वॉल (आंधी) आने की संभावना है।
तमिलनाडु, पुडुचेरी में बारिश का अलर्ट
तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 6 नवंबर तक बारिश जारी रहने का अनुमान है। केरल और माहे में 1 से 4 नवंबर के बीच भारी बारिश का अनुमान है। तेलंगाना, तटीय कर्नाटक और आंतरिक कर्नाटक के कई हिस्सों में 2 से 5 नवंबर तक मध्यम से भारी वर्षा हो सकती है। कई क्षेत्रों में गरज-चमक और 40 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार वाली तेज हवाएं चलने का अनुमान है। पूर्वी भारत में भी मौसम का असर देखने को मिलेगा।
पूर्वोत्तर में 2 नवंबर को भारी बारिश
चक्रवात के असर से ओडिशा में 2 नवंबर को भारी और 3-4 नवंबर को बहुत भारी बारिश का अलर्ट है। उधर, झारखंड, बिहार और पश्चिम बंगाल के कई जिलों में बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी है। वहीं, अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह में 31 अक्टूबर को वर्षा दर्ज की गई। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ क्षेत्र में भी मौसम का असर साफ दिखाई देगा। छत्तीसगढ़ में 3 और 4 नवंबर को भारी बारिश होगी और पूर्वी एवं पश्चिमी मध्य प्रदेश में 4 नवंबर तक गरज-चमक के साथ बारिश की गतिविधियां जारी रहने का अनुमान है। कुछ स्थानों पर 40 से 50 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में अगले एक सप्ताह तक हल्की से मध्यम बारिश जारी रह सकती है। अरुणाचल प्रदेश में 1 और 2 नवंबर को भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने समुद्र में ऊंची लहरें और खराब मौसम की आशंका है।
