देहरादून : उत्तराखंड में हवाई कनेक्टिविटी के विस्तार में देहरादून का जॉली ग्रांट एयरपोर्ट अहम भूमिका निभा रहा है। भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) के मुताबिक, सितंबर 2026 शेड्यूल के अनुसार देहरादून से देश के कई प्रमुख शहरों के लिए सीधी उड़ानें संचालित हो रही हैं। इनमें दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, अहमदाबाद, जयपुर, हैदराबाद, लखनऊ, पुणे और कोलकाता जैसे प्रमुख शहर शामिल हैं। उपलब्ध शेड्यूल में कुली-मनाली के लिए भी क्षेत्रीय उड़ान और अन्य रूट दर्ज हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का कहना है कि एयरपोर्ट के जरिए प्रदेशवासियों को देश के विभिन्न हिस्सों से सुगम, तेज और सुविधाजनक हवाई कनेक्टिविटी का लाभ मिल रहा है।
देहरादून एयरपोर्ट (फाइल फोटो)
सीएम का कहना है कि बेहतर हवाई संपर्क से पर्यटन, व्यापार और निवेश को बढ़ावा मिलने के साथ ही उत्तराखंड के लोगों के लिए आवागमन अधिक आसान और सुविधाजनक हुआ है। इससे प्रदेश के विकास को गति मिल रही है और उत्तराखंड देश के प्रमुख शहरों से और अधिक मजबूती से जुड़ रहा है।
जानकारी के मुताबिक, एयरपोर्ट देहरादून शहर से करीब 25 किलोमीटर दक्षिण-पूर्व, ऋषिकेश से करीब 20 किलोमीटर और हरिद्वार से करीब 35 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।
11 से ज्यादा प्रमुख शहरों से सीधी कनेक्टिविटी
AAI के मई 2026 के आधिकारिक शेड्यूल में दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, अहमदाबाद, जयपुर, हैदराबाद, लखनऊ, पुणे, नवी मुंबई और कोलकाता समेत कई शहरों के लिए उड़ानें दर्ज थीं। इससे देहरादून एयरपोर्ट की देश के प्रमुख विमानन केंद्रों के साथ सीधी कनेक्टिविटी का अंदाजा लगाया जा सकता है।
फरवरी 2024 में नए टर्मिनल भवन के दूसरे चरण का उद्घाटन हुआ। नागरिक उड्डयन मंत्रालय के मुताबिक, करीब 486 करोड़ रुपये की लागत से बने इस टर्मिनल का कुल क्षेत्रफल 42,776 वर्गमीटर है। इसकी क्षमता व्यस्त समय में करीब 3,240 यात्रियों को संभालने और सालाना करीब 47 लाख यात्रियों की सेवा करने की है।
टर्मिनल के निर्माण में उत्तराखंड की स्थानीय संस्कृति और वास्तुशैली को भी ध्यान में रखा गया है। टर्मिनल की डिजाइन में पारंपरिक काठ-कुणी शैली और स्थानीय सामग्री के इस्तेमाल किया है।
यात्रियों की बढ़ी संख्या
देहरादून एयरपोर्ट पर 2024-25 में कुल 17,24,978 यात्रियों का आवागमन दर्ज हुआ। इसमें आने और जाने वाले दोनों यात्रियों को शामिल किया गया है। 2023-24 में यह आंकड़ा 15,98,297 था। यानी एक साल में कुल यात्री आवागमन में लगभग 7.9 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज हुई। इसी दस्तावेज के अनुसार, 2022-23 में एयरपोर्ट पर 15,95,977 यात्री, 2021-22 में 9,17,949 और 2020-21 में 6,47,209 यात्री दर्ज हुए थे। इससे महामारी के बाद एयरपोर्ट पर यात्री गतिविधियों में हुई वृद्धि भी दिखाई देती है।
उत्तराखंड के दूसरे हिस्सों से कनेक्टिविटी
AAI के मार्च 2026 तक के UDAN रिकॉर्ड में देहरादून-अल्मोड़ा रूट पर पवन हंस की सेवा और देहरादून-बागेश्वर रूट पर हेरिटेज एविएशन की सेवा दर्ज है। इसी नेटवर्क में बागेश्वर-हल्द्वानी और अन्य क्षेत्रीय रूट भी शामिल हैं।
देहरादून-पिथौरागढ़ हवाई सेवा भी क्षेत्रीय कनेक्टिविटी का एक उदाहरण रही है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय के अनुसार, इस सेवा का उद्देश्य देहरादून और उत्तराखंड के पूर्वी हिस्से के बीच संपर्क बढ़ाना था। मंत्रालय ने बताया था कि सड़क मार्ग से करीब 11 घंटे की दूरी हवाई सेवा के जरिए लगभग एक घंटे में तय की जा सकती है।
पर्यटन के लिए महत्वपूर्ण है एयरपोर्ट
देहरादून एयरपोर्ट की कनेक्टिविटी का महत्व उत्तराखंड के पर्यटन क्षेत्र के लिए भी है। देहरादून से ऋषिकेश, हरिद्वार, मसूरी और चारधाम यात्रा के प्रमुख प्रवेश क्षेत्रों तक पहुंच बनाई जा सकती है।बद्रीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री, यमुनोत्री, हेमकुंड साहिब, मसूरी, हरिद्वार और ऋषिकेश जैसे प्रमुख स्थान हैं।
