मुम्बई में 2 अक्टूबर को कॉकरोच जनता पार्टी के संयोजक अभिजीत दीपके के CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ 'जेल भरो आंदोलन' के लिए मंगलवार यानी 29 सितंबर को जब CJP के कुछ पदाधिकारी दादर के शिवजी पार्क पहुंचे तो स्थानीय जनता ने इनका जोरदार विरोध किया। स्थानीय लोगों का आरोप था कि आप कही भी आंदोलन करो पर शिवाजी पार्क पर नहीं...।
मुंबई के शिवाजी पार्क पहुंचे CJP पदाधिकारी
स्थानीय लोगों का आरोप था कि 'यह (CJP) वाले शिवाजी पार्क को दिल्ली का जंतर मंतर बनाना चाहते हैं। विरोध ज्यादा बढ़ता देख CJP वाले शिवाजी पार्क से निकल गए।
2 अक्टूबर को शिवाजी पार्क में विरोध प्रदर्शन की इजाजत देने से इंकार
बता दें कि मुंबई पुलिस ने कॉकरोच जनता पार्टी को 2 अक्टूबर को शिवाजी पार्क में विरोध प्रदर्शन की इजाजत देने से मना कर दिया है। अभिजीत दीपके ने इस इनकार को लोगों की आवाज दबाने की चाल बताया और चेतावनी दी कि अगर मांगें पूरी नहीं हुईं तो वे 'जेल भरो आंदोलन' करेंगे।
शिवाजी पार्क में किसी भी तरह के जमावड़े के लिए अनुमति देने का अधिकार नहीं
मुंबई पुलिस ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा, 'अनुमति इसलिए नहीं दी गई क्योंकि मुंबई पुलिस के पास शिवाजी पार्क में किसी भी तरह के जमावड़े के लिए अनुमति देने का अधिकार नहीं है... आवेदक अजिंक्य शिंदे को यह बात समझा दी गई है और उन्हें सलाह दी गई है कि वे विरोध प्रदर्शन के लिए मुंबई शहर में कोई दूसरी जगह देखें।' उन्होंने आयोजकों को भी पत्र लिखा है।
TIMES NOW Navbharat पर यह भी पढ़ें: जब मैं उम्मीद खोने लगा तो तुमने मुझे...', अभिजीत दिपके के बर्थडे पर आशुतोष रांका ने लिखा भावुक मैसेज
दिपके ने इसे नागरिकों की आवाज दबाने की 'चाल' बताया
दीपके ने इसे नागरिकों की आवाज़ दबाने की 'चाल' बताया। X पर एक पोस्ट में उन्होंने कहा, 'नागरिकों की आवाज़ दबाने के लिए अपनाई जाने वाली ऐसी चालें मंजूर नहीं हैं। अगर हमें विरोध करने का अधिकार नहीं दिया गया, तो CJP गांधी जयंती पर मुंबई में 'जेल भरो आंदोलन' शुरू करेगा।' CJP ने घोषणा की थी कि अगर CEC ज्ञानेश कुमार इस्तीफा नहीं देते हैं, तो 2 अक्टूबर से विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।
'नाम बदलकर ’इस्तीफा जनता पार्टी’ कर लेना चाहिए...'
वहीं केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले ने मंगलवार को कहा कि ’कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) जिस तरह लगातार विभिन्न प्रमुख हस्तियों के इस्तीफे की मांग करती रहती है, उसके चलते उसे अपना नाम बदलकर ’इस्तीफा जनता पार्टी’ कर लेना चाहिए। यहां एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री आठवले ने कहा कि कॉजपा अब मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रही है, जबकि इससे पहले उसने राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET) का पर्चा लीक होने के मुद्दे पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की थी।
