Ahmedabad Bomb Threat: गुजरात के अहमदाबाद और गांधीनगर में मंगलवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब विभिन्न सरकारी और संवेदनशील संस्थानों को बम धमाकों की धमकी भरे ई-मेल मिले। ई-मेल में दावा किया गया है कि 10 जून से 30 सितंबर के बीच अलग-अलग स्थानों पर विस्फोट किए जाएंगे। धमकी मिलने के बाद पुलिस, साइबर क्राइम, बम निरोधक दस्ते और अन्य सुरक्षा एजेंसियां तुरंत सक्रिय हो गईं। धमकी भरे ई-मेल में विशेष रूप से मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO), अहमदाबाद म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन (AMC) मुख्यालय और आरएसएस कार्यालय को निशाना बनाने की बात कही गई है।
अहमदाबाद और गांधीनगर में बम धमाके की धमकी से हड़कंप
'खालिस्तान नेशनल आर्मी' नाम से भेजी गई धमकी
ई-मेल में दावा किया गया कि CMO को दोपहर 1:11 बजे, AMC मुख्यालय को 3:11 बजे और RSS कार्यालय को शाम 5:11 बजे बम धमाके (Gandhinagar Bomb Threat) से उड़ाया जाएगा। यह धमकी कथित तौर पर "खालिस्तान नेशनल आर्मी" के नाम से भेजी गई है। धमकी मिलने के तुरंत बाद अहमदाबाद के दाणापीठ स्थित AMC मुख्यालय को पूरी तरह खाली करा लिया गया। एहतियात के तौर पर मेयर, डिप्टी मेयर, स्टैंडिंग कमेटी चेयरमैन, सत्तारूढ़ दल के नेता सहित सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को भवन से बाहर निकाल दिया गया।
पूरे भवन को कराया गया खाली
फायर ब्रिगेड, पुलिस और बम निरोधक दस्ते की टीमें मौके पर पहुंचीं और इमारत की सघन तलाशी शुरू की। बेसमेंट से लेकर ऊपरी मंजिलों तक हर हिस्से की जांच की जा रही है ताकि किसी भी संदिग्ध वस्तु या खतरे की पुष्टि की जा सके। अहमदाबाद के मेयर हितेश बारोट ने निर्देश दिया कि AMC परिसर के सभी कार्यालयों और हिस्सों की पूरी तरह जांच की जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि परिसर में कोई व्यक्ति मौजूद न हो। इसके बाद पूरे भवन को तत्काल प्रभाव से खाली करा दिया गया।
दूसरी ओर, पुलिस और साइबर क्राइम की टीमें ई-मेल भेजने वाले व्यक्ति या संगठन का पता लगाने में जुट गई हैं। अहमदाबाद और गांधीनगर के सभी संवेदनशील सरकारी भवनों, सार्वजनिक स्थलों और महत्वपूर्ण संस्थानों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। फिलहाल धमकी की सत्यता की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन सुरक्षा एजेंसियां किसी भी तरह का जोखिम न लेते हुए मामले की गंभीरता से जांच कर रही हैं। पूरे घटनाक्रम ने राज्य की सुरक्षा व्यवस्था को अलर्ट मोड पर ला दिया है।
