बिहार सरकार ने प्रदेश के सभी 551 मॉडल स्कूलों को भगवा रंग में रंगने का फैसला किया है, इन मॉडल स्कूलों का नाम 'सरस्वती विद्या निकेतन' है। बिहार के सभी 551 सरकारी मॉडल स्कूल सरस्वती विद्या मंदिर का रंग भगवा किए जाने पर सियासत तेज हो गई है आरजेडी सहित विपक्षी पार्टियों ने इसपर सवाल उठाया है।
विपक्षी पार्टियों ने कहा ये सरकार शिक्षा विरोधी है
विपक्षी पार्टियों ने कहा ये सरकार शिक्षा विरोधी है इनकी मानसिकता यही है ये हर जगह हिंदू मुस्लिम और वोट की राजनीति करते हैं, भगवा रंग बीजेपी का है और इस रंग को फैलाने की कोशिश की जा रही है।
मॉडल स्कूलों को भगवा कलर में रंग जाएगा
इन मॉडल स्कूलों को भगवा कलर में रंग जाएगा। हालांकि, इन स्कूलों को मौजूदा गुलाबी और पीले रंग की जगह भगवा रंग से रंगने के शिक्षा विभाग के आदेश पर विवाद और राजनीति दोनों शुरू हो गई है। इन मॉडल स्कूलों में नवमी और एवं दसवीं के छात्रों को गुणवत्ता को शिक्षा के साथ-साथ नीट और JEE की तैयारी करवाई जाएगी।
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बाद में नीरज कुमार अपने बयान से पलट गए
वहीं विपक्ष के साथ साथ बीजेपी के सहयोगी जेडीयू ने भी इसपर सवाल उठाया है जेडीयू प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा है की सिर्फ रंग बदल देने से शिक्षा की गारंटी नहीं होती है, हालांकि बाद में नीरज कुमार अपने बयान से पलट भी गए।
'चरवाहा विद्यालय की तरह भैस के रंग में रंग देना चाहिए'
वहीं बीजेपी सहित NDA के घटक दलों ने विपक्ष के आरोपों पर पलटवार करते हुए कहा इनके जमाने में शिक्षा की क्या दशा थी ये किसी से छिपा नहीं है इसको शिक्षा और विकास से कोई लेना देना नहीं है ये क्या चाहते हैं स्कूलों का रंग मस्जिद के रंग में रंग देना चाहिये या चरवाहा विद्यालय की तरह भैस के रंग में रंग देना चाहिए, पूरा देश भगवा मय हो रहा है इसी से इनको दिक्कत है।
