देशभर में शादियों का सीजन चल रहा है। सोने और चांदी की कीमत रिकॉर्ड हाई पर पहुंचने के बावजूद लोग अपनी जरूरत के अनुसार सोने और चांदी की ज्वेलरी की खरीदारी कर रहे हैं। हालांकि, कीमत में बड़ी बढ़ोतरी के बाद ज्वेलरी की सुरक्षा की चिंता बढ़ गई है। अगर आपके घर में भी शादी है तो यह चिंता आपको भी सता रही होगी। आइए जानते हैं कि कैसे आप ज्वेलरी इंश्योरेंस लेकर अपनी कीमती गहने को सुरक्षित रखकर टेंशन फ्री शादी का मजा ले सकते हैं।
ज्वेलरी इंश्योरेंस
ज्वेलरी इंश्योरेंस क्या कवर करता है?
- सोने, हीरे और जेमस्टोन ज्वेलरी की पूरी कीमत का कवर ज्वेलरी इंश्योरेंस के तहत मिलता है।
- ज्वेलरी घर पर रखी हो, लॉकर में रखी हो या ट्रांसपोर्ट की गई हो, ज्वेलरी इंश्योरेंस कवर प्रदान करता है।
- आग, चोरी और अचानक हुए नुकसान का भी कवर ज्वेलरी इंश्योरेंस में होता है।
- शादी या यात्रा के लिए भारत में आने-जाने के दौरान ट्रांजिट कवर ज्वेलरी इंश्योरेंस में होता है।
- बाढ़ और भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदाओं से सुरक्षा ज्वेलरी इंश्योरेंस प्रदान करता है।
शादियों का सीजन में क्यों कवर जरूरी?
- पीक इस्तेमाल: शादियों के सीजन में ज्वेलरी पहनी और एक जगह से दूसरी जगह ले जाई जाती है।
- इस सीज़न में घरों में आमतौर पर कई लाख की ज्वेलरी होती है।
- इसको देखते हुए इंश्योरेंस देने वाली कंपनियां और ज्वैलर अक्सर नई खरीदारी के साथ बंडल या कॉम्प्लिमेंट्री इंश्योरेंस देते हैं।
कैसे खरीदें ज्वेलरी इंश्योरेंस
तमाम बीमा कंपनियां ज्वेलरी इंश्योरेंस उपलब्ध करा रही है। आप ऑनलाइन ज्वेलरी इंश्योरेंस खरीद सकते हैं।
ज्वेलरी इंश्योरेंस लेने के फायदे
- चोरी, डकैती या नुकसान पर कवर
- आग, दुर्घटना या कहीं खो जाने पर सुरक्षा
- घर के बाहर भी कवरेज (पॉलिसी पर निर्भर)
- मानसिक तनाव कम, गहनों की चिंता खत्म
इन बातों पर दें विशेष ध्यान
किसी भी बीमा कंपनी से ज्वेलरी लेने से पहले उस पॉलिसी के टर्म और कंडीशन को अच्छी तरह से पढ़ें। साथ ही रिफंड के नियमों को अच्छी तरह से पढ़ लें। ज्वेलरी चोरी या गायब हो जाने पर आपको क्लेम लेने के लिए कौन सी प्रक्रिया अपनानी होगी। कंपनी का क्लेम रेश्यो कैसा है? सभी जानकारी से संतुष्ठ होने के बाद ही पॉलिसी खरीदें। आपको बता दें कि इंश्योरेंस कंपनियां ज्वेलरी बीमा के लिए 1 लाख रुपये सम एश्योर्ड पर करीब 800 रुपये प्रीमियम लेती है। यानी, अगर आपके पास 10 लाख रुपये का गहना है तो आपको सालाना 8000 रुपये का प्रीमियम देना होगा।
