Waaree Energies IPO: सोलर पैनल बनाने वाली वारी एनर्जीज ने आईपीओ (IPO) के लिए आवेदन कर दिया है। कंपनी आईपीओ से 3,000 करोड़ रु जुटाएगी। इसके लिए इसने मार्केट रेगुलेटर सेबी (SEBI) के पास आवेदन कर दिया है। कंपनी ने आईपीओ लाने के लिए सेबी के पास अपना ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) दाखिल किया है। कंपनी आईपीओ इश्यू में 32 लाख शेयर बेचेगी, जिसमें इसकी प्रमुख शेयरधारक वारी सस्टेनेबल फाइनेंस (जिसे पहले महावीर थर्मोइक्विप के नाम से जाना जाता था) 27 लाख शेयर बेचेगी। कंपनी की योजना आईपीओ से प्राप्त राशि का उपयोग ओडिशा में 6 गीगावाट इनगॉट वेफर, सोलर सेल और सोलर पीवी मॉड्यूल मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगाने और सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल करने की है।
वारी एनर्जीज लाएगी आईपीओ
कंपनी के पास 23 गीगावाट से ज्यादा के ऑर्डर
30 नवंबर 2023 तक वारी एनर्जीज के पास 20.16 गीगावाट सौर पीवी मॉड्यूल की ऑर्डर बुक है, जबकि यूएस में स्थित इसकी सब्सिडियरी कंपनी वारी सोलर अमेरिका के पास 3.75 गीगावाट ऑर्डर हैं।
एक्सिस कैप, आईआईएफएल सिक्योरिटीज, जेफरीज इंडिया, नोमुरा फाइनेंशियल एडवाइजरी एंड सिक्योरिटीज (इंडिया), एसबीआई कैपिटल मार्केट्स, इंटेंसिव फिस्कल सर्विसेज और आईटीआई कैप इसकी आईपीओ इश्यू की बुक रनिंग लीड मैनेजर हैं।
34 साल पुरानी कंपनी है वारी एनर्जीज
वारी एनर्जीज की शुरुआत 1989 में हुई थी। 30 जून 2023 तक वारी के क्लाइंटों की कुल संख्या भारत में 407 और भारत के बाहर 20 थी। कंपनी ने 6 गीगावाट से अधिक सौर मॉड्यूल की सप्लाई की है और 1.1 गीगावाट से अधिक सौर ईपीसी परियोजनाएं शुरू की हैं।
हितेश चिमनलाल दोशी कंपनी के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर हैं।
डिस्क्लेमर : यहां मुख्य तौर पर आगामी आईपीओ की जानकारी दी गयी है, निवेश की सलाह नहीं। इक्विटी मार्केट में जोखिम होता है, इसलिए निवेश अपने जोखिम पर करें। निवेश करने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर लें।
