First Budget of India: 1 फरवरी को केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण बजट पेश करने जा रही हैं। ये केंद्र सरकार का वित्त वर्ष 2025-26 के लिए केंद्रीय बजट होगा। मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल में यह सीतारमण का दूसरा फुल बजट होगा और संसद में कुल मिलाकर उनका आठवां बजट होगा। एनडीए सरकार के लगातार कार्यकाल में उन्होंने 7 बजट पेश किए हैं। मगर क्या आप जानते हैं कि आजाद भारत का पहला बजट किसने और कब पेश किया था। आइए जानते हैं।
आजाद भारत का पहला बजट
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किसने पेश किया था पहला बजट
भारत का पहला केंद्रीय बजट 26 नवंबर, 1947 को भारत के पहले वित्त मंत्री आर.के. शानमुखम चेट्टी ने पेश किया था। उस बजट में स्वतंत्रता से लेकर 31 मार्च, 1948 तक की अवधि को शामिल किया गया था।
कितना था रेवेन्यू और एक्सपेंडिचर
पहले केंद्रीय बजट में कुल रेवेन्यू 171.15 करोड़ रु रहा था और राजकोषीय घाटा 24.59 करोड़ रु था। वहीं कुल एक्सपेंडिचर 197.29 करोड़ रु और डिफेंस एक्सपेंडिचर 92.74 करोड़ रु रहने का अनुमान लगाया गया था।
क्या थे पहले बजट के मकसद
- पहले बजट का मुख्य टारगेट अर्थव्यवस्था को स्थिर करना, देश का पुनर्निर्माण करना और भविष्य के विकास की नींव रखना था
- बजट में कुल व्यय का लगभग 46% रक्षा सेवाओं को आवंटित किया गया था
- चेट्टी ने बढ़ती कीमतों और औद्योगिक और कृषि उत्पादन में गिरावट को लेकर चिंता व्यक्त की थी
किसने पेश किया दूसरा बजट
बता दें कि दूसरा केंद्रीय बजट भी आर.के. शानमुखम चेट्टी ने ही पेश किया था। साल 1948 में 28 फरवरी को आर.के. शानमुखम चेट्टी ने आजाद भारत का दूसरा केंद्रीय बजट पेश किया था।
