World Best City: आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने कहा है कि उनकी सरकार अमरावती को दुनिया का सबसे बेहतरीन और खूबसूरत शहर बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि यह लक्ष्य सरकार अकेले पूरा नहीं कर सकती, इसके लिए उद्योग जगत, निवेशकों और आम लोगों का सहयोग बेहद जरूरी है। मुख्यमंत्री ने यह बात भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) और राज्य सरकार द्वारा आयोजित एक विशेष सत्र में कही।
अमरावती को बनाएंगे दुनिया का सबसे बेहतरीन शहर- चंद्रबाबू नायडू (तस्वीर-X)
भारत को मिल रहा जनसंख्या लाभ
न्यूज एजेंसी पीटीआई-भाषा के मुताबिक मुख्यमंत्री नायडू ने कहा कि आज पूरी दुनिया बढ़ती उम्र की आबादी यानी एजिंग पॉपुलेशन की समस्या से जूझ रही है, लेकिन भारत इस मामले में अलग स्थिति में है। भारत के पास युवा आबादी का बड़ा लाभ है, जिससे देश को आने वाले 25 से 30 वर्षों तक आर्थिक और सामाजिक विकास में मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि यह जनसांख्यिकीय लाभ भारत को वैश्विक स्तर पर आगे ले जाने में बड़ी भूमिका निभाएगा।
मजबूत नेतृत्व भारत की ताकत
नायडू ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि भारत को एक मजबूत और निर्णायक नेतृत्व मिला है। उनके अनुसार, यही नेतृत्व देश की नीतियों, सुधारों और विकास योजनाओं को तेजी से आगे बढ़ा रहा है। उन्होंने कहा कि आज भारत की ताकतें दुनिया के सामने साफ दिखाई दे रही हैं और अब भारत की क्षमता पर किसी को शक नहीं है।
सोई हुई महाशक्ति से उभरता भारत
मुख्यमंत्री ने कहा कि एक समय भारत को “सोई हुई महाशक्ति” कहा जाता था और उसकी क्षमता पर विश्वास करना लोगों के लिए मुश्किल था। लेकिन अब हालात पूरी तरह बदल चुके हैं। भारत तेजी से आगे बढ़ रहा है और उसकी विकास क्षमता के बारे में दुनिया को अलग से समझाने की जरूरत नहीं रह गई है। उन्होंने इसे देश के लिए एक प्रेरणादायक दौर बताया।
व्यापार की रफ्तार पर जोर
नायडू ने कहा कि पहले सरकारें “ईज ऑफ डूइंग बिजनेस” यानी व्यापार करने में आसानी की बात करती थीं, लेकिन अब समय “स्पीड ऑफ डूइंग बिजनेस” यानी व्यापार की गति का है। उन्होंने बताया कि आंध्र प्रदेश इस दिशा में तेजी से काम कर रहा है और राज्य देश की औसत विकास दर से भी तेज गति से आगे बढ़ रहा है। सरकार का लक्ष्य है कि निवेशकों को तेजी से फैसले और बेहतर सुविधाएं मिलें।
दावोस यात्रा से मिली प्रेरणा
मुख्यमंत्री ने अपने राजनीतिक सफर का जिक्र करते हुए बताया कि 1990 के दशक में दावोस की यात्रा ने उनकी सोच को बदल दिया। वहां जाकर उन्हें यह समझ में आया कि दुनिया किस दिशा में आगे बढ़ रही है और आंध्र प्रदेश को किस तरह उस वैश्विक बदलाव के साथ कदम मिलाना चाहिए। तभी से उन्होंने राज्य को आधुनिक, तकनीक आधारित और निवेश के अनुकूल बनाने की दिशा में काम शुरू किया।
अमरावती को दुनिया का सर्वश्रेष्ठ शहर बनाने की योजना
नायडू ने कहा कि उन्होंने हैदराबाद को देश के सबसे रहने योग्य शहरों में से एक बनाया और अब उनका सपना अमरावती को दुनिया का सर्वश्रेष्ठ शहर बनाने का है। उन्होंने उद्योग जगत और वैश्विक साझेदारों से इस मिशन में भागीदार बनने का आह्वान किया।
हरित ऊर्जा में भारत की बड़ी भूमिका
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत के पास सूर्य की प्रचुर रोशनी, तेज हवाएं और ऊर्जा भंडारण के लिए पर्याप्त जगह का अनोखा संयोजन है। यह भारत को हरित ऊर्जा के क्षेत्र में विश्व का नेतृत्व करने में सक्षम बनाता है। उन्होंने बताया कि आंध्र प्रदेश और भारत में कई ऐसे क्षेत्र हैं जहां व्यापार और निवेश की अपार संभावनाएं मौजूद हैं।
साझेदारी से विकास का रास्ता
अपने संबोधन के अंत में नायडू ने कहा कि सरकार चाहती है कि सभी लोग आंध्र प्रदेश की विकास यात्रा में भागीदार बनें। उन्होंने भरोसा जताया कि सामूहिक प्रयासों से अमरावती न सिर्फ राज्य बल्कि पूरे देश की पहचान बनेगा।
