AI Transforms Hiring in India: भारत में कंपनियों के लिए सही उम्मीदवार खोजने की प्रक्रिया अब पहले से कहीं अधिक चुनौतीपूर्ण होती जा रही है। बढ़ती प्रतिस्पर्धा और योग्य प्रतिभाओं की कमी के कारण, कंपनियां तेजी से कृत्रिम मेधा (एआई) का उपयोग कर रही हैं। पेशेवर नेटवर्किंग प्लेटफ़ॉर्म लिंक्डइन की एक नई रिपोर्ट के अनुसार, भारत में 71 प्रतिशत नियोक्ताओं ने माना कि एआई ने उन्हें सही कौशल वाले उम्मीदवार या छिपी हुई प्रतिभाओं को खोजने में मदद की है।
भारत में 71 प्रतिशत नियोक्ता छिपी हुई प्रतिभा को खोजने के लिए ले रहे हैं एआई का सहारा (तस्वीर-istock)
एआई से आसान हुआ उम्मीदवार मूल्यांकन
रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि 80 प्रतिशत नियोक्ता एआई की मदद से उम्मीदवारों के कौशल को समझना आसान मानते हैं। इसके अलावा, 76 प्रतिशत नियोक्ताओं का मानना है कि एआई की वजह से भर्ती प्रक्रिया तेज़ हो रही है। यानी न केवल सही उम्मीदवार खोजने में मदद मिल रही है, बल्कि समय भी बच रहा है। यह बदलाव कंपनियों को अपने भर्ती लक्ष्य जल्दी हासिल करने में सहायक साबित हो रहा है।
भारत में भर्ती बाजार की चुनौती
न्यूज एजेंसी पीटीआई-भाषा के मुताबिक लिंक्डइन की रिपोर्ट नवंबर 2025 में किए गए सर्वेक्षण पर आधारित है, जिसमें 19,113 भारतीय उपभोक्ता और 6,554 वैश्विक एचआर पेशेवर शामिल थे। रिपोर्ट में बताया गया है कि भारत में भर्ती बाजार तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन 74 प्रतिशत नियोक्ता अभी भी योग्य उम्मीदवार खोजने में कठिनाई महसूस कर रहे हैं। इसके अलावा, नियुक्ति गतिविधि महामारी से पहले के स्तर से 40 प्रतिशत अधिक बढ़ चुकी है।
भर्ती में नियोक्ताओं की चुनौतियां
नियोक्ताओं के अनुसार भर्ती प्रक्रिया में कई चुनौतियां हैं। 53 प्रतिशत ने एआई-जनित आवेदन को चुनौती के रूप में बताया, जबकि 47 प्रतिशत का कहना है कि मांग वाले कौशल की कमी एक बड़ी समस्या है। इसके अलावा, 48 प्रतिशत नियोक्ता यह भी मानते हैं कि वास्तविक और कम गुणवत्ता वाले या भ्रामक आवेदन अलग करने में बहुत समय लग जाता है। यह दिखाता है कि एआई का उपयोग मददगार तो है, लेकिन कुछ समस्याएं अभी भी बनी हुई हैं।
भविष्य में एआई का बढ़ता उपयोग
रिपोर्ट के अनुसार, भविष्य में एआई का उपयोग और बढ़ने की संभावना है। 80 प्रतिशत भारतीय नियोक्ता योजना बना रहे हैं कि वे एआई का इस्तेमाल भर्ती लक्ष्यों, उम्मीदवार मूल्यांकन और शीर्ष प्रतिभाओं को खोजने के लिए और बढ़ाएंगे। यह संकेत देता है कि कंपनियां अब पारंपरिक भर्ती प्रक्रिया के बजाय तकनीकी समाधानों की ओर तेजी से बढ़ रही हैं।
कुल मिलाकर, भारत में भर्ती प्रक्रिया में एआई का महत्व लगातार बढ़ रहा है। यह न केवल सही प्रतिभाओं की पहचान करने में मदद कर रहा है, बल्कि भर्ती समय कम करने और मूल्यांकन को आसान बनाने में भी सहायक साबित हो रहा है। हालांकि, आवेदन की गुणवत्ता और सही उम्मीदवार की पहचान जैसी चुनौतियां अभी भी बनी हुई हैं। एआई के बढ़ते उपयोग के साथ, भविष्य में भारतीय भर्ती बाजार और अधिक स्मार्ट और कुशल होने की उम्मीद है।
