"मेरे घर में पेड़ नहीं, जहां से पैसे तोड़ लूं", आईपीएल में काम करने को लेकर हुई आलोचना तो नेता गंभीर ने दिया करारा जवाब

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jun 4, 2022, 07:19 PM IST

Gautam Gambhir on his IPL assignment: गौतम गंभीर ने कहा कि वह गरीबों के लिए जो काम कर रहे हैं उसके लिए उन्‍हें फंड की जरूरत होती है। गंभीर ने कहा कि उन्‍हें आईपीएल में काम करने से कोई परेशानी नहीं है।

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नई दिल्‍ली: गौतम गंभीर भारत के सबसे चहेते क्रिकेटरों में से एक हैं और मैदान के अंदर व बाहर वो अपनी ईमानदारी के लिए जाने जाते हैं। क्रिकेट से संन्‍यास लेने के बाद गंभीर बतौर राजनेता काम कर रहे हैं। हाल ही में एक इंटरव्‍यू में गौतम गंभीर से पूछा गया कि सक्रिय नेता होने के बावजूद आईपीएल में काम क्‍यों कर रहे हैं तो गंभीर ने अपने ट्रेडमार्क स्‍टाइल में जवाब दिया। बता दें कि गंभीर पूर्वी दिल्ली निर्वाचन क्षेत्र के सांसद हैं, जो भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से जुड़े हैं। पूर्व क्रिकेटर साथ ही जन रसोई चलाते हैं, जो 1 रुपए में जरूरतमंदों को खाना उपलब्‍ध कराती है।

"मेरे घर में पेड़ नहीं, जहां से पैसे तोड़ लूं", आईपीएल में काम करने को लेकर हुई आलोचना तो नेता गंभीर ने दिया करारा जवाब

समाज से भूख और कुपोषण को हटाने के इरादे से एक आशा जन रसोई की नींव रखी गई। विश्‍व कप विजेता गंभीर ने इसी क्षेत्र में लाइब्रेरी भी बनवाई है। जब पूर्व क्रिकेटर से पूछा गया कि सक्रिय सांसद होने के बावजूद आईपीएल में हिस्‍सा क्‍यों लेते हैं तो इस पर गंभीर ने करारा पलटवार किया। गंभीर ने कहा कि वो समाज में गरीबों के लिए जो काम कर रहे हैं, उसके लिए उन्‍हें फंड की जरूरत होती है।

गंभीर ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा, 'मैं आईपीएल में कमेंट्री या फिर काम क्‍यों करता हूं, वो इसलिए क्‍योंकि मैं हर महीने 5000 लोगों को खाना उपलब्‍ध कराने के लिए 25 लाख रुपए खर्च करता हूं। यानी साल का करीब 2.75 करोड़ रुपए। मैंने लाइब्रेरी के निर्माण में भी 25 लाख रुपए खर्च किए। मैंने यह पूरी राशि अपनी जेब से दी और सांसद फंड का उपयोग नहीं किया। सांसद फंड मेरा किचन या मैं जो करता हूं, उसका खर्च नहीं उठाता। मेरे घर में कोई पेड़ भी नहीं, जहां से पैसे तोड़ सकूं।'

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