US Iran War Airstrikes 2026: पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच जारी जंग अब पूरी तरह से बेकाबू हो चुकी है और पूरा क्षेत्र एक विनाशकारी पूर्ण-युद्ध की आग में झुलस गया है। गुरुवार तड़के ईरान ने बहरीन और कुवैत में स्थित अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाकर भीषण मिसाइल और ड्रोन हमले किए हैं। यह हमला अमेरिका द्वारा ईरान पर की गई अब तक की सबसे बड़ी नौसैनिक नाकेबंदी और 24 घंटे के भीतर तीन दौर की हवाई बमबारी के जवाब में किया गया है।
अमेरिका की भीषण बमबारी के बाद ईरान का बड़ा पलटवार, बहरीन और कुवैत पर दागे मिसाइल-ड्रोन; जॉर्डन ने मार गिराए रॉकेट (AP)
इस बीच, बहरीन और कुवैत में कल रात से ही मिसाइल हमले के सायरन गूंज रहे हैं और नागरिकों को तुरंत सुरक्षित स्थानों पर जाने की हिदायत दी गई है। वहीं, पड़ोसी देश जॉर्डन ने अपनी सीमा में घुस रहे ईरान के 3 बैलिस्टिक मिसाइलों को बीच हवा में मार गिराने का दावा किया है।
अमेरिकी बमबारी में ईरान के 7 सैनिकों की मौत, 300 से ज्यादा घायल
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने बुधवार रात और गुरुवार तड़के ईरान के भीतर दर्जनों ठिकानों पर ताबड़तोड़ हवाई हमले किए। यह अमेरिकी सेना का एक असामान्य कदम था, जिसने दिन के उजाले में भी बमबारी जारी रखी।
सैन्य बैरक पर हमला: ईरान के सिस्तान-बलूचिस्तान प्रांत में स्थित 388वीं मैकेनाइज्ड इन्फैंट्री ब्रिगेड के बैरक पर अमेरिका ने 13 मिसाइलें दागीं। इस हमले में टैंक और बख्तरबंद गाड़ियों को तबाह कर दिया गया, जिसमें 7 ईरानी सैनिकों की मौके पर ही मौत हो गई।
भारी तबाही: ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रवक्ता हुसैन केर्मानपुर के अनुसार, पिछले कुछ दिनों में अमेरिकी हमलों में अब तक 35 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं और 300 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हैं, जिनमें नागरिक भी शामिल हैं।
स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज में अमेरिका ने तेल टैंकर को मिसाइल से उड़ाया
अमेरिकी नौसेना ने अपनी समुद्री नाकेबंदी को कड़ाई से लागू करते हुए एक बड़े कमर्शियल जहाज पर सीधी कार्रवाई की है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड के अनुसार, कुराकाओ (Curacao) के झंडे वाला एक विशाल तेल टैंकर 'बेलमा' (Belma) ईरान के खार्ग द्वीप की ओर बढ़ रहा था। अमेरिकी नौसेना द्वारा दी गई कई चेतावनियों को जब इस जहाज ने नजरअंदाज कर दिया, तो अमेरिकी लड़ाकू विमान ने हेलफायर मिसाइल दागकर जहाज के स्मोकस्टैक (चिमनी) को उड़ा दिया और तेल टैंकर को समुद्र के बीच ही पंगु (Disabled) कर दिया। इसके अलावा दो अन्य जहाजों को भी अमेरिकी नौसेना ने खदेड़ दिया है।
तनाव के बीच ईरान ने अमेरिकी बंधक 'डेना करारी' को छोड़ा
इस भीषण सैन्य टकराव के बीच एक बेहद चौंकाने वाली कूटनीतिक हलचल भी देखने को मिली है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर घोषणा की कि ईरान ने 'सद्भावना के संकेत' के रूप में वर्ष 2024 से वहां गलत तरीके से बंधक बनाई गई अमेरिकी नागरिक डेना करारी (Dena Karari) को रिहा कर दिया है। डेना करारी एक सामाजिक कार्यकर्ता हैं, जिन पर ईरान ने जासूसी का आरोप लगाया था।
पेंसिल्वेनिया में 'यूएस आर्मी वॉर कॉलेज' के एक रक्षा सम्मेलन में बोलते हुए ट्रंप ने कहा, 'ईरान को वह पसंद नहीं आ रहा है जो हम इस समय उनके साथ कर रहे हैं, और वे अब मामले को सुलझाना चाहते हैं। बहुत जल्द पता चल जाएगा कि हम उनके साथ कोई शांति समझौता करते हैं, या फिर इस खेल को हमेशा के लिए खत्म कर देते हैं।'
'सबके लिए या किसी के लिए नहीं': ईरान
दूसरी ओर, ईरान के मुख्य वार्ताकार और संसद अध्यक्ष मोहम्मद बागेर कलिबाफ ने अमेरिका पर अंतरिम शांति समझौते की शर्तों को तोड़ने का आरोप लगाया है। कलिबाफ ने कहा कि अमेरिका कानूनी और राजनयिक विकल्पों में हारने के बाद अब सैन्य ताकत के बल पर ईरान को झुकाना चाहता है, लेकिन ईरान आत्मसमर्पण नहीं करेगा और पूरी ताकत से प्रतिरोध जारी रखेगा।
ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने अपनी पुरानी धमकी को दोहराते हुए कहा है कि अगर अमेरिका ने खाड़ी में तेल जहाजों की नाकेबंदी नहीं हटाई, तो वे होर्मुज जलडमरूमध्य को हमेशा के लिए बंद कर देंगे और इस पूरे इलाके से तेल और गैस का निर्यात पूरी तरह ठप कर देंगे। ईरान का साफ कहना है कि खाड़ी का तेल या तो दुनिया के सभी देशों के लिए बाहर जाएगा, या फिर किसी के लिए भी नहीं जाएगा। इस गतिरोध ने वैश्विक ऊर्जा बाजार को हिलाकर रख दिया है और कच्चे तेल की कीमतों में आग लगने की आशंका बढ़ गई है।
