'140 करोड़ भारतीयों की ऊर्जा सुरक्षा पर नो कॉम्प्रोमाइज', अमेरिकी टैरिफ की धमकी के बीच यूक्रेन से जयशंकर की ट्रंप को दो-टूक

Jaishankar Ukraine Visit: विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कीव में यूक्रेन के समकक्ष एंड्री सिबिहा से मुलाकात के बाद स्पष्ट किया कि रूस-यूक्रेन युद्ध का हल तेल खरीदने या न खरीदने से नहीं, बल्कि कूटनीति और बातचीत से ही निकलेगा। वहीं, अमेरिका और भारत दोनों ने व्यापार वार्ता को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता जताई है।

Jaishankar Ukraine Visit: रूस और यूक्रेन के बीच जारी संघर्ष के बीच भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने एक बार फिर भारत के रुख को पूरी दुनिया के सामने बेहद स्पष्ट शब्दों में रखा है। यूक्रेन की राजधानी कीव में अपने समकक्ष एंड्री सिबिहा से मुलाकात के बाद जयशंकर ने साफ कहा कि यह युद्ध किसी देश द्वारा रूस से तेल, खनिज या अन्य सामान खरीदने या न खरीदने से खत्म नहीं होगा। इस विवाद का एकमात्र समाधान केवल बातचीत, कूटनीति और आपसी तालमेल के जरिए ही संभव है।

jaishankar ukraine visit

अमेरिकी प्रतिबंधों की धमकी पर जयशंकर का कीव से करारा जवाब

अमेरिकी सीनेट में हाल ही में पारित उस बिल पर पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए, जिसमें रूस से तेल खरीदने वाले देशों (जैसे भारत और चीन) पर 100 प्रतिशत तक टैरिफ लगाने का प्रस्ताव है, जयशंकर ने भारत का पक्ष मजबूती से रखा। उन्होंने कहा कि दुनिया के मौजूदा ऊर्जा संकट के बीच भारत को अपने 1.4 अरब नागरिकों की ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करनी है। यूक्रेन का अपना दृष्टिकोण हो सकता है जिसकी भारत सराहना करता है, लेकिन दुनिया को भारत की व्यावहारिक जरूरतों का भी सम्मान करना चाहिए।

End of Feed