इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि इजरायल माउंट हरमोन की चोटी और सीरियाई सीमा पर बफर जोन में अनिश्चितकालीन सैन्य उपस्थिति बनाए रखेगा। बता दें कि सीरिया में असद सरकार के पतन के बाद इजराइल ने अपनी सेना को घुसाया था, जिसके बाद से वो वहीं मौजूद है।
इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू
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क्या बोले नेतन्याहू
समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, नेतन्याहू ने तेल अवीव के दक्षिण में होलोन शहर में एक कार्यक्रम में कहा, "इजरायली रक्षा बल, हमारी बस्तियों की रक्षा करने और किसी भी खतरे को नाकाम करने के लिए माउंट हरमोन और बफर जोन की चोटी पर अनिश्चित काल तक बने रहेंगे।"
नेतन्याहू की चेतावनी
नेतन्याहू ने सीरिया की नई सरकार से दक्षिणी सीरिया में 'पूर्ण विसैन्यीकरण' लागू करने का आह्वान किया, जिसमें कुनेत्रा, दारा और अस-सुवेदा प्रांत शामिल हैं। इजरायली पीएम ने यह भी चेतावनी दी कि इजरायल सीरिया के अंतरिम राष्ट्रपति अहमद अल-शरा के नेतृत्व वाले आतंकवादी समूह हयात तहरीर अल-शाम से जुड़ी ताकतों या नई सीरियाई सेना को दमिश्क के दक्षिणी क्षेत्र में प्रवेश करने की अनुमति नहीं देगा।'
बफर जोन में इजराइली सेना
दिसंबर में, बशर अल-असद की सरकार के पतन के बाद, इजरायल ने बफर जोन में सेना तैनात कर दी, जो इजरायल नियंत्रित गोलान हाइट्स और सीरिया के बीच एक असैन्यीकृत क्षेत्र है। बफर जोन की निगरानी संयुक्त राष्ट्र विघटन पर्यवेक्षक बल (यूएनडीओएफ) की ओर से की जाती है, जिसे 1974 के समझौते के तहत स्थापित किया गया था। बाद में इजरायल ने माउंट हरमोन के सीरियाई-नियंत्रित हिस्से पर कब्जा कर लिया।
