Palestinian State Recognition: ब्रिटेन, ऑस्ट्रेलिया और कनाडा ने रविवार को अमेरिका और इजरायल को बड़ा झटका देते हुए फिलिस्तीन को एक आजाद देश के तौर पर मान्यता दे दी है। ब्रिटेन ने कहा कि वह लगभग दो साल पुराने गाजा युद्ध में इजरायल द्वारा युद्धविराम सहित अन्य शर्तों को पूरा करने विफल रहने के बाद फिलिस्तीन को आजाद देश की मान्यता दे रहा है। इसके साथ ही ऑस्ट्रेलिया और कनाडा ने भी फिलिस्तीन को स्वतंत्र राष्ट्र की मान्यता देने का ऐलान किया है।
ब्रिटेन, ऑस्ट्रेलिया और कनाडा ने फिलिस्तीन को दी देश का मान्यता (फोटो साभार: AP)
प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, ''आज फिलिस्तीनियों और इजरायलियों के लिए शांति की आशा और द्वि-राष्ट्र समाधान को पुनर्जीवित करने के लिए ब्रिटेन औपचारिक रूप से फिलिस्तीन को देश की मान्यता देता है।''
फिलिस्तीनी राष्ट्र को औपचारिक रूप से मान्यता देने का दबाव तब बढ़ गया है जब फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने घोषणा की थी कि उनका देश सितम्बर में ऐसा करने वाली पहली प्रमुख पश्चिमी ताकत बन जाएगा। मैक्रों सोमवार को न्यूयॉर्क में सऊदी अरब के साथ संयुक्त राष्ट्र महासभा की शुरुआत में संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन में फ्रांस द्वारा फिलिस्तीनी राष्ट्र को मान्यता देने की औपचारिक घोषणा करेंगे। फिलिस्तीनी राष्ट्र को 145 से अधिक देश पहले से ही मान्यता दे चुके हैं, जिनमें यूरोप के 12 से अधिक देश शामिल हैं।
कनाडा ने फिलिस्तीन राष्ट्र को मान्यता दी
कनाडा ने अमेरिका के विरोध के बावजूद रविवार को फिलिस्तीन को एक राष्ट्र के रूप में मान्यता दे दी। कनाडा ने इस उम्मीद के साथ फलस्तीनी राष्ट्र को मान्यता दी है कि यह कदम दो राष्ट्रों के समाधान के आधार पर शांति स्थापित करने का मार्ग प्रशस्त करेगा, जहां दोनों देश साथ-साथ शांतिपूर्वक रह सकें।
फिलिस्तीन की नहीं होगी स्थापना
इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने रविवार को कहा कि फिलिस्तीन की “स्थापना नहीं होगी।” नेतन्याहू ने विदेशी नेताओं पर हमास को “इनाम” देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि ऐसा नहीं होगा। जॉर्डन नदी के पश्चिम में फिलिस्तीन राष्ट्र की स्थापना नहीं होगी। नेतन्याहू ने कहा कि वह अगले हफ्ते अमेरिका की यात्रा के बाद इजरायल के जवाबी कदम की घोषणा करेंगे। अमेरिका में इजरायली प्रधानमंत्री के व्हाइट हाउस में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात करने का कार्यक्रम है।
गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, पिछले 23 महीनों में इजरायली बमबारी से गाजा में 65,100 से अधिक लोग मारे गए हैं। हमास के नेतृत्व वाले चरमपंथियों ने सात अक्टूबर, 2023 को दक्षिणी इजराइल में धावा बोल दिया था, जिसमें लगभग 1,200 लोग मारे गए थे और इनमें से ज्यादातर आम नागरिक शामिल थे।
