Bangladesh Sheikh Hasina News: बांग्लादेश में अपदस्थ प्रधानमंत्री शेख हसीना के खिलाफ मामलों में फैसला सुनाया गया। शेख हसीना पर पांच बड़े आरोप लगाए गए। जिनपर सुनवाई करते हुए फांसी की सजा सुनाई गई। वहीं, शेख हसीना के खिलाफ मानवता विरोधी अपराधों के मामले में सोमवार को आने वाले फैसले से पहले छिटपुट आगजनी और देसी बम हमलों के बीच ढाका और अन्य क्षेत्रों में सुरक्षा कड़ी कर दी। अंतर्राष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण-बांग्लादेश (ICT-BD) के फैसले से पहले हसीना की अब भंग हो चुकी अवामी लीग द्वारा दो दिवसीय बंद की घोषणा की खबरों के बाद अधिकारियों ने सख्त सैन्य, अर्धसैनिक और पुलिस सतर्कता के आदेश दिए।
बांग्लादेश में पूर्व प्रधानमंत्री हसीना के लिए मृत्युदंड की मांग (Photo- AP)
शेख हसीना के खिलाफ पांच आरोप
1. जुलाई के विद्रोह के दौरान हिंसा भड़काना और ढाका विश्वविद्यालय के छात्रों और अन्य छात्रों की हत्या होना। 100 छात्रों की हत्या और हजारों घायल। गोनोभोबन से एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि अगर मुक्ति योद्धाओं के पोते-पोतियों को नौकरी नहीं मिलेगी तो क्या राजाकारों के पोते-पोतियों को नौकरी मिलेगी? यह लोगों को दुश्मन के रूप में कलंकित करना है। राजाकारों को फांसी देने के लिए टेलीफोन पर बातचीत की। आक्रामक टिप्पणी की, छात्र लीग स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए पर्याप्त है। सहयोगी संगठनों ने ढाका विश्वविद्यालय में प्रदर्शनकारियों पर व्यवस्थित हमले किए, जिसमें 297 छात्र घायल हुए। हिंसा के खिलाफ निवारक और दंडात्मक कार्रवाई करने में विफलता।
2. छात्रों और राजाकारों को फांसी देने के लिए ढाका विश्वविद्यालय के तत्कालीन कुलपति मसूद कमाल से टेलीफोन पर बातचीत की। उन्होंने कानून प्रवर्तन एजेंसियों को प्रदर्शनकारी छात्रों को मारने के निर्देश दिए और उन्हें गिरफ्तार करने के आदेश भी पारित किए। कानून प्रवर्तन एजेंसियों के माध्यम से हेलीकॉप्टर और ड्रोन तैनात करके निर्देशों को लागू किया गया और 1400 लोग मारे गए, 2500 लोग घायल हुए।
3. प्रदर्शनकारियों ने ढाका कूच की घोषणा की थी। गृह मंत्री पर भी मुकदमा चलाया गया। पुलिस ने छह निहत्थे प्रदर्शनकारियों की गोली मारकर हत्या कर दी। ये हत्याएं प्रधानमंत्री शेख हसीना की पूरी जानकारी में हुईं।
4. प्रधानमंत्री ने प्रदर्शनकारियों को मारने के लिए हेलीकॉप्टर, ड्रोन और घातक हथियार तैनात किए थे। बातचीत वाली पेनड्राइव ट्रिब्यूनल में चला दी गई है। शेख हसीना और हसनुल इनु के बीच बातचीत, अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों ने मुझे बताया है कि यह एक आतंकी हमला है, यही कहें कि यह एक आतंकी हमला है।
5. प्रदर्शनकारियों के मानवाधिकारों का गंभीर उल्लंघन। 16 जुलाई को अबू सईद की हत्या। शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शनों का दमन किया गया, अंधाधुंध गोलीबारी की गई। ढाका मार्च के दौरान न्यायेतर हत्या।
यूनुस के सलाहकार परिषद के सदस्य के आवास पर बम विस्फोट
रविवार रात अज्ञात लोगों ने एक पुलिस स्टेशन परिसर के वाहन डंपिंग कॉर्नर में आग लगा दी और अंतरिम सरकार के प्रमुख प्रोफेसर मुहम्मद यूनुस के सलाहकार परिषद के सदस्य के आवास के बाहर दो देसी बम विस्फोट किए, इसके अलावा राजधानी में कई चौराहों पर विस्फोट किए। ढाका मेट्रोपॉलिटन पुलिस (DMP) ने तनाव बढ़ने पर अपने कर्मियों को हिंसक प्रदर्शनकारियों को देखते ही गोली मारने को कहा। ICT-BD के अभियोजकों ने 78 वर्षीय हसीना के लिए मृत्युदंड की मांग की है।
'गोली मारने के आदेश'
ढाका मेट्रोपॉलिटन पुलिस कमिश्नर SM सजात अली ने रविवार देर रात कहा, 'मैंने वायरलेस पर कहा था कि जो कोई भी बस में आग लगाएगा या जान से मारने के इरादे से देसी बम फेंकेगा, उसे गोली मार दी जानी चाहिए। यह अधिकार हमारे कानून में स्पष्ट रूप से दिया गया है।'
ढाका में 10 नवंबर के बाद से कई चोरी छिपे हमले हुए हैं, जिनमें मीरपुर में यूनुस द्वारा स्थापित ग्रामीण बैंक मुख्यालय के प्रवेश द्वार पर देसी बम विस्फोट भी शामिल है।
अधिकारियों ने बताया कि बैंक की कई शाखाओं को भी पेट्रोल बम और आगजनी के हमलों का निशाना बनाया गया। अज्ञात हमलावरों ने पिछले हफ्ते कई खड़ी बसों में भी आग लगा दी, जिससे एक ड्राइवर की मौत हो गई, जो गाड़ी के अंदर सो रहा था।
शेख हसीना भारत में
हसीना इस समय भारत में हैं और उनके पूर्व गृह मंत्री असदुज्जमां खान कमाल पर उनकी अनुपस्थिति में मुकदमा चलाया गया। तीसरे आरोपी, पूर्व पुलिस प्रमुख अब्दुल्ला अल मामून ने व्यक्तिगत रूप से मुकदमे का सामना किया और सरकारी गवाह बनकर, जाहिर तौर पर रियायत की मांग की।
ICT-BD के अभियोजक गाजी एमएच तमीम ने रविवार को कहा, 'हमने हसीना के लिए यथासंभव अधिकतम सजा की मांग की है।' तमीम ने रविवार को कहा, 'हमने पिछले साल के हिंसक सड़क विरोध प्रदर्शनों के शहीदों और घायलों के परिवारों के बीच वितरण के लिए दोषियों की संपत्ति जब्त करने का भी अनुरोध किया है।'
अगर फैसला खिलाफ आया तो?
उन्होंने कहा कि आईसीटी-बीडी का कानून हसीना को सुप्रीम कोर्ट के अपीलीय प्रभाग में अपील करने से रोकता है, जब तक कि वह फैसले के 30 दिनों के भीतर आत्मसमर्पण नहीं कर देती या गिरफ्तार नहीं हो जाती। अभियोजकों ने कहा कि फैसले का सरकारी बीटीवी पर सीधा प्रसारण किया जाएगा, तथा ढाका में कई स्थानों पर बड़े स्क्रीन पर इसे दिखाने की व्यवस्था की गई है।
न्यायाधिकरण की अंतिम स्वीकृति के अधीन, फैसले के केवल चुनिंदा अंश ही प्रसारित किए जाएंगे। फैसले को आईसीटी-बीडी के आधिकारिक फेसबुक पेज पर भी स्ट्रीम किया जाएगा।
शेख हसीना ने क्या कहा?
हसीना ने अपनी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं से कहा कि वे घबराएं नहीं। हसीना ने अपनी पार्टी अवामी लीग की वेबसाइट पर अपलोड किए गए एक ऑडियो संदेश में पार्टी नेताओं एवं कार्यकर्ताओं से सजा के बारे में चिंता न करने को कहा। उन्होंने कहा कि 'हमने इस तरह के हमलों और मामलों को बहुत देखा है।'
उन्होंने कहा, '...मुझे परवाह नहीं है, अल्लाह ने मुझे जीवन दिया है और एक दिन मेरी मौत आएगी, लेकिन मैं देश के लोगों के लिए काम कर रही हूं और ऐसा करना जारी रखूंगी।' अपदस्थ प्रधानमंत्री ने सामूहिक हत्याओं के आरोपों से इनकार किया और अंतरिम सरकार के प्रमुख मुहम्मद यूनुस पर जिम्मेदारी डालते हुए कहा कि उन्होंने स्वयं कहा था कि उन्होंने एक 'सुनियोजित योजना' के तहत 'मेरी सरकार' को अपदस्थ किया था।
