Hockey Asia Cup 2025: भारत ने एशिया कप हॉकी टूर्नामेंट में सोमवार को एकतरफा मुकाबले में कजाकिस्तान को 15-0 से हराकर सुपर चार चरण में जगह बना ली। मुकाबले से पहले ही भारतीय टीम ने सुपर चार का टिकट पक्का कर लिया था, लेकिन इस बड़ी जीत ने उसे पूल ए में शीर्ष स्थान भी दिला दिया।
भारतीय हॉकी टीम (फोटो- AP)
गोलों की बरसात
भारत के लिए अभिषेक ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 5वें, 8वें, 20वें और 59वें मिनट में चार गोल दागे। सुखजीत सिंह ने (15वें, 32वें, 38वें मिनट) पर तीन गोल किए, जबकि जुगराज सिंह ने (24वें, 31वें, 47वें मिनट) पर हैट्रिक पूरी की। कप्तान हरमनप्रीत सिंह (26वें), अमित रोहिदास (29वें), राजिंदर सिंह (32वें), संजय सिंह (54वें) और दिलप्रीत सिंह (55वें) ने भी गोल दागकर जीत को ऐतिहासिक बना दिया।
शुरुआत से ही भारत का दबदबा
मैच की शुरुआत में ही भारतीय टीम ने आक्रामक रुख अपनाया। पांचवें मिनट में अभिषेक ने सर्कल के ऊपर से रिवर्स शॉट लगाकर भारत का खाता खोला। तीन मिनट बाद उन्होंने दूसरा गोल दागा। पहले क्वार्टर के अंत से पहले सुखजीत ने अभिषेक के पास पर शानदार गोल किया। वहीं, कजाकिस्तान को भी एक पेनल्टी कॉर्नर मिला लेकिन भारतीय डिफेंस ने उसे नाकाम कर दिया।
पेनल्टी कॉर्नर से मिली बढ़त
भारत को 18वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर मिला, लेकिन हरमनप्रीत का फ्लिक पोस्ट से टकरा गया। इसके तुरंत बाद अभिषेक ने हरमनप्रीत से मिले पास पर अपना तीसरा गोल कर दिया। 23वें मिनट में जुगराज ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर स्कोर 5-0 किया। कुछ मिनट बाद हरमनप्रीत और रोहिदास ने गोल दागते हुए भारत को हाफ टाइम तक 7-0 की मजबूत बढ़त दिला दी।
दूसरे हाफ में भी बरकरार रहा जलवा
हाफ टाइम के बाद भारत ने अपना दबदबा और बढ़ाया। जुगराज ने पेनल्टी स्ट्रोक पर गोल कर दिया और इसके बाद राजिंदर व सुखजीत ने गोल कर स्कोर को 10-0 कर दिया। चौथे क्वार्टर में संजय और दिलप्रीत ने भी गोल किया, जबकि अभिषेक ने आखिरी मिनट में अपना चौथा गोल दागकर भारत की 15-0 से करारी जीत पर मुहर लगा दी।
कोच फुल्टन का बयान
भारतीय टीम के मुख्य कोच क्रेग फुल्टन ने खिलाड़ियों के प्रदर्शन की सराहना की। उन्होंने कहा कि “कजाकिस्तान के लिए हमारे मन में पूरा सम्मान है। हम पहले से सुपर चार में थे और सतर्क रहना चाहते थे कि कोई भी खिलाड़ी घायल न हो। किसी भी टीम के खिलाफ 15 गोल करना आसान नहीं होता। सुपर चार से पहले हमारे स्ट्राइकरों का तालमेल बैठना बेहद महत्वपूर्ण था।”
पूल ए और बी की स्थिति
भारत के साथ चीन ने भी पूल ए से सुपर चार में जगह बनाई। वहीं, पूल बी से मलेशिया और कोरिया अगले चरण में पहुंचे। सभी चार टीमें एक-दूसरे से मुकाबला करेंगी और शीर्ष दो टीमें फाइनल में जगह बनाएंगी।
जापान की निराशा
दिन के पहले मुकाबले में चीन और जापान का मैच 2-2 से ड्रॉ रहा। हालांकि गोल अंतर के आधार पर चीन ने सुपर चार में जगह बनाई, जबकि जापान बाहर हो गया।
विश्व कप की राह
इस महाद्वीपीय टूर्नामेंट का विजेता अगले साल बेल्जियम और नीदरलैंड में होने वाले विश्व कप के लिए क्वालीफाई करेगा। भारत की शानदार लय को देखते हुए प्रशंसक उम्मीद कर रहे हैं कि टीम खिताब जीतकर सीधे विश्व कप का टिकट हासिल करेगी।
