टी20 में किसी नए खिलाड़ी को आजमाना हो या फिर कॉम्बिनेशन में कोई बदलाव करना हो हर बार संजू सैमसन को ही बलि का बकरा बनाया जाता है। अगर आप संजू के फैन हैं तो आपके लिए यह कोई आश्चर्य की बात नहीं होगी कि संजू अच्छा खेलने के बाद भी कैसे अचानक प्लेइंग इलेवन से बाहर हो जाते हैं। यूं कहें कि टी20 टीम में सबसे सस्ते टारगेट सैमसन ही हैं। इंग्लैंड दौरे पर भी यही हुआ जब 15 साल के वैभव को आजमाने का दबाव टीम मैनेजमेंट पर बढ़ा तो कुर्बानी संजू की दी गई। हालांकि, 3 मुकाबले के बाद टीम मैनेजमेंट को गलती का एहसास हुआ और उन्हें दोबारा प्लेइंग इलेवन में मौका मिला।
रोहित शर्मा और संजू सैमसन (साभार-X)
कौन हैं वनडे के संजू सैमसन
जो प्रयोग टी20 टीम में संजू के साथ किया जा रहा है, ठीक वही अब धीरे-धीरे कुलदीप यादव के साथ वनडे में किया जा रहा है। इंग्लैंड के खिलाफ लॉर्ड्स में हुए निर्णायक मुकाबले में टीम इंडिया 5 गेंदबाजी विकल्प के साथ उतरी, लेकिन वहां भी कुलदीप यादव को खेलने का मौका नहीं मिला। पिछले 5 साल की बात करें तो इस फॉर्मेट में भारत के सबसे सफल गेंदबाज कुलदीप ही हैं, जिन्होंने सबसे ज्यादा 87 विकेट चटकाए हैं।
दिग्गजों ने उठाए सवाल
कुलदीप यादव की खासियत है कि वह मिडिल ओवर में विकेट लेने में माहिर हैं। वनडे में सबसे ज्यादा दरकार किसी भी टीम को इसी बात की होती है। लेकिन पता नहीं टीम मैनेजमेंट क्यों इस विकेटटेकर को इग्नोर कर रही है। कुलदीप को ना खिलाने पर पहले मोहम्मद कैफ और फिर आकाश चोपड़ा ने सवाल उठाए। उन्होंने इस फैसले को समझ से परे बताया।
भारत में होने की मिल रही सजा
कुलदीप को जगह ना मिलने पर आकाश चोपड़ा ने सवाल उठाए और कहा कि अगर वह भारत छोड़कर किसी भी दूसरे देश में होते तो वह खेल रहे होते, लेकिन भारत उनको जगह ही नहीं दे पाता। हम सीरियस विकेटटेकर को वेस्ट कर रहे हैं और उनके कॉन्फिडेंस को निल बटे सन्नाटा कर चुके हैं।
