Unlucky Zodiac Signs 23 July 2026 : वैदिक ज्योतिष के अनुसार 23 जुलाई 2026 का दिन ग्रह-नक्षत्रों की दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण रहने वाला है। इस दिन आषाढ़ शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि सुबह 7 बजकर 3 मिनट तक रहेगी, जिसके बाद दशमी तिथि प्रारंभ होगी। विशाखा नक्षत्र और शुभ योग शाम 7 बजकर 20 मिनट तक रहेंगे, इसके बाद शुक्ल योग शुरू होगा। वहीं, चंद्रमा शाम 7 बजकर 1 मिनट तक तुला राशि में रहेंगे और उसके बाद वृश्चिक राशि में प्रवेश करेंगे, जहां चंद्रमा नीच राशि में माने जाते हैं। सूर्य और गुरु कर्क राशि में, मंगल वृषभ राशि में, बुध मिथुन राशि में, शुक्र और केतु सिंह राशि में, राहु कुंभ राशि में तथा शनि मीन राशि में रहेंगे।
23 जुलाई का दिन किनके लिए अच्छा नहीं रहेगा
ज्योतिषीय दृष्टि से दिन का पहला भाग अपेक्षाकृत संतुलित रहेगा, लेकिन शाम के बाद चंद्रमा के वृश्चिक राशि में प्रवेश करने से कई राशियों के लिए मानसिक तनाव, निर्णय संबंधी भ्रम और कार्यों में रुकावट की स्थिति बन सकती है। आइए जानते हैं किन राशियों को इस दिन सबसे अधिक सावधानी बरतनी चाहिए।
कर्क राशि
कर्क राशि वालों के लिए यह दिन मिश्रित लेकिन शाम के बाद अधिक चुनौतीपूर्ण रह सकता है। सूर्य और गुरु आपकी राशि में होने से आत्मविश्वास तो मिलेगा, लेकिन शाम के बाद चंद्रमा पंचम भाव में नीच राशि में पहुंचने से संतान, शिक्षा, निवेश और प्रेम संबंधों से जुड़े मामलों में चिंता बढ़ सकती है। कार्यक्षेत्र में जल्दबाजी में लिया गया निर्णय बाद में नुकसान का कारण बन सकता है। मानसिक अस्थिरता के कारण महत्वपूर्ण अवसर भी हाथ से निकल सकते हैं।
उपाय- इस दिन भगवान शिव का जलाभिषेक करें, चंद्रमा के लिए दूध का दान करें और कोई भी बड़ा निवेश शाम के बाद करने से बचें।
तुला राशि
तुला राशि वालों के लिए चंद्रमा दिनभर आपकी राशि में रहेंगे, जिससे भावनात्मक उतार-चढ़ाव बना रहेगा। शाम 7 बजकर 1 मिनट के बाद चंद्रमा दूसरे भाव में प्रवेश करेंगे, जिससे धन संबंधी मामलों में अतिरिक्त सावधानी की आवश्यकता होगी। अनावश्यक खर्च बढ़ सकते हैं और परिवार के किसी सदस्य के साथ मतभेद होने की संभावना भी रहेगी। वाणी पर नियंत्रण रखना अत्यंत आवश्यक होगा, क्योंकि छोटी-सी बात बड़ा विवाद बन सकती है।
उपाय- माता लक्ष्मी और भगवान विष्णु की पूजा करें, सफेद मिठाई का दान करें तथा किसी भी आर्थिक निर्णय में जल्दबाजी न करें।
वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि वालों के लिए शाम के बाद विशेष सतर्कता की आवश्यकता रहेगी, क्योंकि चंद्रमा आपकी ही राशि में प्रवेश करके नीच अवस्था में रहेंगे। इससे मानसिक बेचैनी, आत्मविश्वास में कमी और निर्णय लेने में भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। स्वास्थ्य को लेकर भी लापरवाही नहीं करनी चाहिए। यदि कोई महत्वपूर्ण मीटिंग, इंटरव्यू या व्यावसायिक निर्णय हो तो उसे पूरी तैयारी के साथ ही करें।
उपाय- महामृत्युंजय मंत्र का जाप करें, भगवान शिव की आराधना करें और क्रोध तथा भावनात्मक प्रतिक्रिया से बचें।
कुंभ राशि
कुंभ राशि वालों के लिए चंद्रमा का गोचर दशम भाव को प्रभावित करेगा। इससे नौकरी और व्यवसाय में अतिरिक्त दबाव महसूस हो सकता है। वरिष्ठ अधिकारियों के साथ विचारों का मतभेद हो सकता है या किसी कार्य में अपेक्षा से अधिक मेहनत करनी पड़ सकती है। जो लोग नई नौकरी या प्रमोशन की प्रतीक्षा कर रहे हैं, उन्हें धैर्य रखना चाहिए।
उपाय- शनिदेव की पूजा करें, काले तिल का दान करें और कार्यस्थल पर किसी भी विवाद से दूर रहें।
सिंह राशि
सिंह राशि वालों के लिए शुक्र और केतु पहले से ही आपकी राशि में मौजूद हैं। ऐसे में चंद्रमा के वृश्चिक में प्रवेश के बाद चतुर्थ भाव प्रभावित होगा, जिससे पारिवारिक जीवन, संपत्ति और मानसिक शांति पर असर पड़ सकता है। घर-परिवार में किसी बात को लेकर मतभेद हो सकता है। वाहन चलाते समय विशेष सावधानी रखें और किसी भी भावनात्मक निर्णय से बचें।
उपाय- भगवान सूर्य को अर्घ्य दें, आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करें और परिवार के बड़ों का सम्मान करें।
डिसक्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है और ज्योतिष विद्या के अच्छे जानकार लेखक द्वारा विश्लेषण करके दी गई है। यह केवल सूचना के लिए दी जा रही है। आपके ऊपर इसका प्रभाव आपकी व्यक्तिगत जन्मकुंडली में ग्रहों की स्थिति और महादशाओं पर भी निर्भर करेगा। Times Now Navbharat इसकी पुष्टि नहीं करता है।
