Shiva 108 Names With Meaning: भगवान शिव को महादेव, भोलेनाथ, शंकर, महेश्वर, श्रीकण्ठ, गंगाधर इत्यादि कई नामों से जाना जाता है। इस तरह से भगवान शिव के कुल 108 नाम हैं। कहते हैं शिव जी के इन नामों का जाप करने से जीवन में सुख-समृद्धि आती है और व्यक्ति का सौभाग्य बढ़ता है। वैसे तो इन नामों का जाप आप किसी भी दिन कर सकते हैं लेकिन इनके जाप के लिए सबसे शुभ दिन सावन सोमवार (Sawan Somvar 2023), सावन शिवरात्रि (Sawan Shivratri 2023), प्रदोष व्रत (Pradosh Vrat) का माना गया है। जानिए शिव के 108 नाम अर्थ सहित।
108 Names Of Shiva In Hindi
| No. | Sanskrit Name | Name Mantra | English Name | नाम का अर्थ |
| 1 | शिव | ॐ शिवाय नमः। | Shiva | पवित्रता का स्रोत |
| 2 | महेश्वर | ॐ महेश्वराय नमः। | Maheshwara | देवताओं के भगवान |
| 3 | शंभवे | ॐ शंभवे नमः। | Shambhu | समृधि के प्रदाता |
| 4 | पिनाकिने | ॐ पिनाकिने नमः। | Pinakin | धनुष धारी |
| 5 | शशिशेखर | ॐ शशिशेखराय नमः। | Shashi shekhara | ऐसे भगवान् जो अपने बालों में अर्धचंद्रमा को धारण करके के रखते हैं |
| 6 | वामदेवाय | ॐ वामदेवाय नमः। | Vamadeva | एक ऐसे भगवान जो आकर्षक और शुभ हैं |
| 7 | विरूपाक्ष | ॐ विरूपाक्षाय नमः। | Virupaksha | तिर्यक आंखें के साथ |
| 8 | कपर्दी | ॐ कपर्दिने नमः। | Kapardi | घने उलझे हुए बालों वाले भगवान |
| 9 | नीललोहित | ॐ नीललोहिताय नमः। | Nilalohita | लाल और नीले रंग वाले भगवान |
| 10 | शंकर | ॐ शंकराय नमः। | Shankara | सुख और समृद्धि प्रदाता |
| 11 | शूलपाणी | ॐ शूलपाणये नमः। | Shulapani | त्रिशूल धारी |
| 12 | खटवांगी | ॐ खट्वांगिने नमः। | Khatvangi | सिर में केश का गाठ लिए हुए |
| 13 | विष्णुवल्लभ | ॐ विष्णुवल्लभाय नमः। | Vishnuvallabha | विष्णु के प्रिय |
| 14 | शिपिविष्ट | ॐ शिपिविष्टाय नमः। | Shipivishta | प्रकाश की किरणों का उत्सर्जन करते प्रभु |
| 15 | अंबिकानाथ | ॐ अंबिकानाथाय नमः। | Ambikanatha | माता अम्बिका / पारवती के नाथ या पति |
| 16 | श्रीकण्ठ | ॐ श्रीकण्ठाय नमः। | Shrikantha | गौरवशाली सुन्दर कंठ के भगवान |
| 17 | भक्तवत्सल | ॐ भक्तवत्सलाय नमः। | Bhaktavatsala | अपने भक्तों का हमेशा ख्याल रखने वाले |
| 18 | भव | ॐ भवाय नमः। | Bhava | एक ऐसे भगवान जो स्वयं ही अस्तित्व हैं |
| 19 | शर्व | ॐ शर्वाय नमः। | Sharva | सभी दुःख कष्ट हरता |
| 20 | त्रिलोकेश | ॐ त्रिलोकेशाय नमः। | Trilokesha | तीनों लोकों के भगवान |
| 21 | शितिकण्ठ | ॐ शितिकण्ठाय नमः। | Shitikantha | श्वेत रंग के गले वाले भगवान |
| 22 | शिवाप्रिय | ॐ शिवा प्रियाय नमः। | Shivapriya | पार्वती के प्रिय |
| 23 | उग्र | ॐ उग्राय नमः। | Ugra | अत्यंत भयंकर प्रकृति |
| 24 | कपाली | ॐ कपालिने नमः। | Kapali | खोपड़ियों की माला पहनने वाले भोलेनाथ |
| 25 | कामारी | ॐ कामारये नमः। | Kamari | कामदेव के दुश्मन |
| 26 | अंधकारसुर सूदन | ॐ अन्धकासुरसृदनाय नमः। | Andhakasura Sudana | अंधकासुर का वध करने वाले |
| 27 | गंगाधर | ॐ गंगाधराय नमः। | Gangadhara | गंगा की धरा को अपने सिर पर रखने वाले भगवान |
| 28 | ललाटाक्ष | ॐ ललाटाक्षाय नमः। | Lalataksha | अपने माथे पर तीसरी आंख रखने वाले |
| 29 | कालकाल | ॐ कालकालाय नमः। | Kalakala | वो काल का भी काल हैं |
| 30 | कृपानिधि | ॐ कृपानिधये नमः। | Kripanidhi | करुना और कृपा से भरे हुए नाथ या प्रभु |
| 31 | भीम | ॐ भीमाय नमः। | Bheema | भयभीत रूप वाले शिवजी |
| 32 | परशुहस्त | ॐ परशुहस्ताय नमः। | Parshuhasta | कुल्हाड़ी धारक भगवान |
| 33 | मृगपाणी | ॐ मृगपाणये नमः। | Mrigpaani | एक ऐसे भगवान् जिनके हांथों में हिरण है |
| 34 | जटाधर | ॐ जटाधराय नमः। | Jattadhar | जटा धारी बाबा शिवजी |
| 35 | कैलाशवासी | ॐ कैलाशवासिने नमः। | Kailashavasi | कैलाश निवासी भगवान |
| 36 | कवची | ॐ कवचिने नमः। | Kawachi | कवच धारक |
| 37 | कठोर | ॐ कठोराय नमः। | Kathor | शक्तिशाली शारीर वाले |
| 38 | त्रिपुरान्तक | ॐ त्रिपुरान्तकाय नमः। | Tripurantak | त्रिपुरासुर के वधकर्ता |
| 39 | वृषांक | ॐ वृषांकाय नमः। | Vrishanka | एक ऐसे भगवान् जिनके पास बैल के प्रतिक वाला दवाजा है |
| 40 | वृषभारूढ़ | ॐ वृषभारूढाय नमः। | Vrishbharudh | बैल की सवारी करने वाले भगवान |
| 41 | भस्मोद्धूलितविग्रह | ॐ भस्मोद्धूलितविग्रहाय नमः। | Bhasmodhulitavigrah | जो अपने शारीर में भष्म को लगते हैं |
| 42 | सामप्रिय | ॐ सामप्रियाय नमः। | Samapriya | जो समानता से प्रेम करते हैं |
| 43 | स्वरमयी | ॐ स्वरमयाय नमः। | Swaramayi | सभी सात लेखों में हैं |
| 44 | त्रयीमूर्ति | ॐ त्रयीमूर्तये नमः। | Trayimurti | जो वेदों के रूप हैं |
| 45 | अनीश्वर | ॐ अनीश्वराय नमः। | Anishvara | जिससे बड़ा कोई भगवान नहीं |
| 46 | सर्वज्ञ | ॐ सर्वज्ञाय नमः। | Sarvagya | जो हर चीज के ज्ञाता है उन्हें सब पता है |
| 47 | परमात्मा | ॐ परमात्मने नमः। | Paramatma | हर किसी के आत्मा में बसने वाले भगवान |
| 48 | सोमसूर्याग्निलोचन | ॐ सोमसूर्याग्निलोचनाय नमः। | Somasuryaagnilochana | जिनकी तीन ऑंखें सूर्य, चन्द्रमा और अग्नि का रूप हैं |
| 49 | हवि | ॐ हविषे नमः। | Havi | आहुति को ही जो अपना सम्पति मानते है |
| 50 | यज्ञमय | ॐ यज्ञमयाय नमः। | Yagyamaya | सभी क़ुरबानी संस्कारों |
| 51 | सोम | ॐ सोमाय नमः। | Soma | जिसमें उमा का रूप भी समाहित है |
| 52 | पंचवक्त्र | ॐ पंचवक्त्राय नमः। | Panchavaktra | पंच क्रियाओं के भगवान |
| 53 | सदाशिव | ॐ सदाशिवाय नमः। | Sadashiva | जो हमेशा शभ का प्रतिक हैं |
| 54 | विश्वेश्वर | ॐ विश्वेश्वराय नमः। | Vishveshwara | ब्रह्माण्ड के भगवान |
| 55 | वीरभद्र | ॐ वीरभद्राय नमः। | Veerabhadra | जो हिंसक और शांतिपूर्ण दोनों हैं |
| 56 | गणनाथ | ॐ गणनाथाय नमः। | Gananatha | गणों के नाथ |
| 57 | प्रजापति | ॐ प्रजापतये नमः। | Prajapati | वंश के सृष्टिकर्ता |
| 58 | हिरण्यरेता | ॐ हिरण्यरेतसे नमः। | Hiranyareta | स्वर्ण आत्माओं के उत्पन्नकर्ता |
| 59 | दुर्धर्ष | ॐ दुर्धर्षाय नमः। | Durdharsha | जो अजेय हैं |
| 60 | गिरीश | ॐ गिरीशाय नमः। | Girisha | पर्वतों के भगवान |
| 61 | गिरिश | ॐ गिरिशाय नमः। | Girisha | कैलाश पर्वत पर सोने वाले शिवजी प्रभु |
| 62 | अनघ | ॐ अनघाय नमः। | Anagha | जो पवित्र हैं |
| 63 | भुजंगभूषण | ॐ भुजंगभूषणाय नमः। | Bujangabhushana | स्वर्ण सांपों को धारण किये हुए |
| 64 | भर्ग | ॐ भर्गाय नमः। | Bharga | भगवान जो सभी पापों को समाप्त करते हैं |
| 65 | गिरिधन्वा | ॐ गिरिधन्वने नमः। | Giridhanva | भगवान जिनका शस्त्र एक पर्वत है |
| 66 | गिरिप्रिय | ॐ गिरिप्रियाय नमः। | Giripriya | भगवान जो पहाड़ों के शौकीन है |
| 67 | कृत्तिवासा | ॐ कृत्तिवाससे नमः। | krittivasaa | भगवान जो हाथी के चमड़ों के कपडे पहनते हैं |
| 68 | पुराराति | ॐ पुरारातये नमः। | Purarati | पुर नामक दुश्मनों के संघारक |
| 69 | भगवान् | ॐ भगवते नमः। | Bhagwaan | समृद्धि के भगवान |
| 70 | प्रमथाधिप | ॐ प्रमथाधिपाय नमः। | Pramathadhipa | भगवान जिनकी सेवा भूत करते हैं |
| 71 | मृत्युंजय | ॐ मृत्युंजयाय नमः। | Mrityunjaya | मौत के विजेता |
| 72 | सूक्ष्मतनु | ॐ सूक्ष्मतनवे नमः। | Sukshamatanu | भगवान जिनका एक सूक्ष्म शरीर है |
| 73 | जगद्व्यापी | ॐ जगद्व्यापिने नमः। | Jagadvyapi | भगवान जो जगत में रहती है |
| 74 | जगद्गुरू | ॐ जगद्गुरुवे नमः। | Jagadguru | पूरी पृत्वी के गुरु |
| 75 | व्योमकेश | ॐ व्योमकेशाय नमः। | Vyomakesha | भगवान् जिनके केश असमान में फैले हैं |
| 76 | महासेनजनक | ॐ महासेनजनकाय नमः। | Mahasenajanaka | कार्तिक के पिता |
| 77 | चारुविक्रम | ॐ चारुविक्रमाय नमः। | Charuvikrama | भटकते तीर्थयात्रियों के अभिभावक |
| 78 | रुद्र | ॐ रुद्राय नमः। | Rudra | एक भगवान भक्तों के दर्द को देख कर दुखी हो जाते हैं |
| 79 | भूतपति | ॐ भूतपतये नमः। | Bhootapati | पंचभूतों और भूतों के भगवान |
| 80 | स्थाणु | ॐ स्थाणवे नमः। | Sthanu | स्थिर है जो भगवान |
| 81 | अहिर्बुध्न्य | ॐ अहिर्बुध्न्याय नमः। | Ahirbhudhanya | भगवान जो कुण्डलिनी के अधिकारी है |
| 82 | दिगम्बर | ॐ दिगंबराय नमः। | Digambara | भगवान जिनका वस्त्र ब्रह्मांड है |
| 83 | अष्टमूर्ति | ॐ अष्टमूर्तये नमः। | Ashtamurti | भगवान जिनके आठ रूप हैं |
| 84 | अनेकात्मा | ॐ अनेकात्मने नमः। | Anekatma | भगवान् जिनके कई रूप हैं |
| 85 | सात्विक | ॐ सात्विकाय नमः। | Satvika | असीम ऊर्जा के भगवान |
| 86 | शुद्धविग्रह | ॐ शुद्धविग्रहाय नमः। | Shuddhavigraha | पवित्र आत्मा |
| 87 | शाश्वत | ॐ शाश्वताय नमः। | Shashvata | भगवान् जो अनन्त और अंतहीन हैं |
| 88 | खण्डपरशु | ॐ खण्डपरशवे नमः। | Khandaparshu | भगवान् जो टूटी कुल्हाड़ी पहनते हैं |
| 89 | अज | ॐ अजाय नमः। | Aja | वो जो असीम है |
| 90 | पाशविमोचन | ॐ पाशविमोचकाय नमः। | Pashvimochana | भगवान् जो सभी बेडा पार कर देता हैं |
| 91 | मृड | ॐ मृडाय नमः। | Mrida | भगवान जो दयावान हैं |
| 92 | पशुपति | ॐ पशुपतये नमः। | Pashupati | जानवरों के भगवान |
| 93 | देव | ॐ देवाय नमः। | Deva | देवों के देव |
| 94 | महादेव | ॐ महादेवाय नमः। | Mahadeva | सभी भगवानों में मुख्य |
| 95 | अव्यय | ॐ अव्ययाय नमः। | Avayaya | जो अपना विषय नहीं बदलते |
| 96 | हरि | ॐ हरये नमः। | Hari | भगवन विष्णु से समान |
| 97 | भगनेत्रभिद् | ॐ भगनेत्रभिदे नमः। | Bhagnetrabhid | भगवान् जिन्होंने भगा के आँखों को क्षतिग्रस्त किया |
| 98 | अव्यक्त | ॐ अव्यक्ताय नमः। | Avayayat | शिवजी एक अनदेखी शक्ति |
| 99 | दक्षाध्वरहर | ॐ दक्षाध्वरहराय नमः। | Dakshadhwarahara | दक्षा अभिमानी यज्ञ का नाश |
| 100 | हर | ॐ हराय नमः। | Har | भगवान जो सभी बंधन और पापों को ख़त्म कर देता हैं |
| 101 | पूषदन्तभित् | ॐ पूषदन्तभिदे नमः। | Pushadantabhit | जिन्होंने पूशा को सजा दिया |
| 102 | अव्यग्र | ॐ अव्यग्राय नमः। | Avyagra | भगवान जो स्थिर और अटूट है |
| 103 | सहस्राक्ष | ॐ सहस्राक्षाय नमः। | Sahsraksha | जिनके अनगिनत रूप हैं |
| 104 | सहस्रपाद | ॐ सहस्रपदे नमः। | Sahasrapada | भगवान् जो हर जगह मौजूद हैं |
| 105 | अपवर्गप्रद | ॐ अपवर्गप्रदाय नमः। | Apavargaprada | भगवान जो सब देते हैं और लेते भी हैं |
| 106 | अनन्त | ॐ अनन्ताय नमः। | Ananta | भगवान् जो की अंतहीन हैं |
| 107 | तारक | ॐ तारकाय नमः। | Taraka | भगवान जो मानव जाति के महान मुक्तिदाता है |
| 108 | परमेश्वर | ॐ परमेश्वराय नमः। | Parameshwara | महान परमेश्वर / भगवान |
भगवान शिव के 108 नामों को पढ़ने के फायदे
शिव पुराण के अनुसार जो व्यक्ति रुद्राक्ष की माला से भगवान शिव के 108 नामों का जाप करता है, उसे सभी प्रकार की खुशियों का आशीर्वाद मिलता है। ऐसे लोग सभी सांसारिक सुखों का आनंद लेता है और मृत्यु के बाद मोक्ष प्राप्त करते हैं।
