Navagraha Plants: क्या आपने यह सोचा है कि घर के बड़े-बुजुर्ग घर व उसके आसपास तुलसी, केला, शमी जैसे कुछ खास पेड़-पौधे क्यों लगाते थे। आपको यह जानकर हैरानी होगी कि कई ऐसे पौधे हैं जो हमारे ग्रह नक्षत्रों से जुड़े हैं और ग्रहों पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभाव को ठीक करने की क्षमता रखते हैं। होती है। ज्योतिष शास्त्र में नवग्रहों की दशा सुधारने के लिए कुछ ऐसे ही पेड़-पौधों के बारे में बताया गया है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, ग्रहों की संख्या कुल नौ एवं नक्षत्रों की सत्ताईस है। अगर किसी जातक को कोई ग्रह परेशान कर रहा हो तो वह उसके कुप्रभाव से बचने के लिए उस ग्रह से संबंधित पेड़-पौधें की पूजा कर ग्रह दोष को दूर कर सकता है। आइये जानें नवग्रह पौधों के नाम व उपाय।
इन 9 पौधों की पूजा से चमक उठता है भाग्य, नौ ग्रह बनते हैं फलदायी
सूर्य के लिए मदार
मदार का पौधा सूर्य ग्रह से संबंधित है। इसे आक या आंकड़ भी कहा जाता है। मान्यता है कि इस पौधे की पूजा से बौद्धिक प्रगति होती है। रविवार को इसकी पूजा से कुंडली में सूर्य ग्रह की स्थिति अनुकूल बनी रहती है और सूर्य का तेज मिलता है।
चंद्र के लिए पलाश
चंद्र ग्रह को मन का कारक माना जाता है। पलाश का पौधा भी चंद्र से संबंधित है। इस पौधे की पूजा से से मन शांत रहता है। साथ ही मानसिक रोग भी दूर होते हैं। इस पौधे की पत्तियों की पूजा करने से चंद्रमा की विशेष कृपा और शुभ फलों की प्राप्ति होती है।
मंगल के लिए खैर
खैर के पौधे को कत्था भी कहा जाता है। इस पौधे का संबंध मंगल ग्रह से होता है। इस पौधे की पूजा करने से रक्त विकार और चर्म रोग दूर होता है। साथ ही मान-प्रतिष्ठा में वृद्धि होती है। मान्यता है कि कुंडली में मंगल ग्रह को शांत करने के लिए इस पौधे की पूजा बहुत ही लाभाकारी होता है।
बुध के लिए अपामार्ग
जिन लोगों को बुध ग्रह परेशान करता है और कई तरह की शारीरिक परेशानियां झेलनी पड़ती है। वे अपामार्ग पौधे की पूजा कर सकते हैं। इससे बुध शांत होकर शुभ फल देते हैं।
गुरु के लिए पीपल
पीपल पेड़ का संबंध गुरु ग्रह से है। वैसे तो रोजाना पीपल के पेड़ में जल अर्पित करना चाहिए, लेकिन गुरुवार को पीपल की पूजा करने से भगवान विष्णु की अति कृपा प्राप्त होती है।
राहु के लिए चंदन
राहु जब नाराज होते हैं तो जातक का जीवन बहुत ही कष्टकारी बन जाता है। इस पीड़ा से मुक्ति के लिए चंदन वृक्ष की पूजा करनी चाहिए।
शनि के लिए शमी
शमी पौधे का संबंध शनि ग्रह से है। शनिवार के दिन शमी में जल अर्पित करने और पूजा करने से शनि ग्रह की कृपा प्राप्त होती है। साथ ही जीवन में आ रही बाधाएं भी दूर होती है।
केतु के लिए अश्वगंधा
अश्वगंधा के पौधे को केतु का कारक माना गया है। इस पौधे की पूजा करने से मानसिक विफलता दूर होती है। साथ ही सभी मनोकामनाएं पूरी होती है।
(डिस्क्लेमर : यह पाठ्य सामग्री आम धारणाओं और इंटरनेट पर मौजूद सामग्री के आधार पर लिखी गई है। टाइम्स नाउ नवभारत इसकी पुष्टि नहीं करता है।)
