Mandir Darshan: शिवपरिवार के साथ यहां भगवान कुबेर देते हैं दर्शन, आर्थिक परेशानी से जूझ रहे लोगों के लिए वरदान है मंदिर

Khichlipura Kuner Mandir: कहा जाता है कि मंदिर का निर्माण मराठों के शासनकाल में हुआ था और मंदिर में मौजूद प्रतिमा लगभग 7वीं शताब्दी में स्थापित की गई थी, लेकिन कुछ लोगों का मानना है कि मंदिर को खिलजी के शासनकाल में बनाया गया था, जिसकी वजह से गांव का नाम खिलचीपुरा पड़ा।

भारत में 33 कोटि देवी-देवताओं को पूजा जाता है और हर त्योहार एक अलग देवी-देवता को समर्पित होता है। धनतेरस और दीवाली के त्योहार पर मां लक्ष्मी और भगवान कुबेर की पूजा की जाती है, क्योंकि दोनों को ही धन का देवता माना जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि मध्य प्रदेश की धरती पर विराजमान भगवान कुबेर अनोखे रूप में भक्तों के दर्शन देते हैं और हर मनोकामना को पूरा करते हैं?

Khiclipura Kuber temple

खिचलीपुरा कुबेर मंदिर (Photo: AI Image)

मध्यप्रदेश के मंदसौर जिले में खिचलीपुरा में भगवान कुबेर का चमत्कारी मंदिर है। माना जाता है कि अगर कोई आर्थिक परेशानी से जूझ रहा है तो भगवान कुबेर और शिव परिवार मिलकर सुख-समृद्धि का आशीर्वाद देते हैं। कहा जाता है कि इस मंदिर में शिव परिवार के साथ भगवान कुबेर गुप्त काल से विराजमान हैं और भक्तों की हर मुराद को पूरा करते हैं। दीवाली के मौके पर मंदिर को खास तौर पर सजाया जाता है और दूर-दूर से भक्त अपनी मुराद लेकर भगवान कुबेर की पूजा करने आते हैं। इस मंदिर की खास बात ये है कि मंदिर में बने गर्भगृह पर कभी ताला नहीं लगाया जाता है। सालों साल मंदिर भक्तों के लिए खुला रहता है।

End of Feed