डायरेक्टर आदित्य धर इन दिनों अपनी फिल्म 'धुरंधर' की सफलता का लुत्फ उठा रहे हैं। इस बीच उन्होंने अपनी पत्नी, अभिनेत्री यामी गौतम के साथ हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा में स्थित मां बगलामुखी मंदिर का दर्शन किया और माता का आशीर्वाद लिया। इसके पहले उन्होंने नैना देवी और ज्वाला देवी मां के भी दर्शन किए थे। यह मंदिर देवी बगलामुखी को समर्पित है, जो दस महाविद्याओं में से एक हैं। बगलामुखी माता की पूजा से शत्रु नाश, विवादों में जीत और वाणी में प्रभाव मिलता है। आइए जानते हैं बगलामुखी माता कौन हैं, उनकी पूजा से क्या लाभ होते हैं और हिमाचल में इनके मंदिर की क्या खास मान्यताएं हैं।
बगलामुखी माता मंदिर हिमाचल
बगलामुखी माता कौन हैं?
बगलामुखी दस महाविद्याओं में से आठवीं देवी हैं। उनका नाम ‘बगला’ से आया है, जिसका अर्थ स्तंभन (रुक जाना) है। माता शत्रुओं को स्तंभित करती हैं, यानी उनकी ताकत को रोक देती हैं। वे पीले रंग की हैं और उनकी मूर्ति में वे शत्रु की जीभ पकड़कर दबाती हुई दिखती हैं। पीले स्वरूप के कारण मां को पीताम्बरा माई के नाम से जाना जाता है। मां बगलामुखी माता दुर्गा का ही एक रूप मानी जाती हैं, जो शत्रु, विरोधी, कानूनी मामले, जादू-टोना और नकारात्मक ऊर्जा से रक्षा करती हैं।
बगलामुखी माता की पूजा से क्या लाभ होते हैं?
बगलामुखी माता की पूजा से दुश्मन, विरोधी या मुकदमे में जीत मिलती है। इसके साथ ही व्यक्ति को वाक् सिद्धि होती है। मतलब वाणी में प्रभाव बढ़ता है, बोलने से काम बनता है। कोर्ट-कचहरी के मामलों में विजय होती है। जादू-टोना, नजर या बुरी शक्तियों से बचाव होता है। संतान की रक्षा और सफलता के लिए मां की पूजा की जाती है। माता के दर्शन मात्र से तनाव, चिंता और डर से मुक्ति मिलती है। पीले रंग की साड़ी और आभूषण में सजी माता की मूर्ति भक्तों को आकर्षित करती है। ज्योतिष में इनकी पूजा से शत्रु, मुकदमे, घरेलू कलह और ग्रह दोष शांत होते हैं। सच्चे मन से प्रतिदिन बगलामुखी चालीसा का पाठ करने से कोई शत्रु हरा नहीं सकता है। मां की पूजा हमेशा हित करने के लिए करनी चाहिए।
पीला रंग है मां को पसंद
मां का स्वरूप भी पीला है। इस कारण मां को पीतांबरा नाम से जाना जाता है। माता की पूजा में पीले कपड़े पहने जाते हैं। माता को पीले फूल और पीली मिठाई अर्पित की जाती है। मां की पूजा में ‘ॐ ह्लीं बगलामुखी सर्वदुष्टानां वाचं मुखं पदं स्तंभय जिव्हां कीलय बुद्धिं विनाशय ह्लीं ॐ स्वाहा’ मंत्र का जाप करना शुभ माना जाता है।
हिमाचल में बगलामुखी मंदिर है बेहद खास
हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में स्थित बगलामुखी मंदिर बहुत प्रसिद्ध है। यह दस महाविद्याओं में से एक का प्रमुख पीठ है। मान्यता है कि माता यहां से शत्रुओं को स्तंभित करती हैं। लोग यहां मुकदमे जीतने, नौकरी में तरक्की और संतान प्राप्ति के लिए आते हैं। इसके साथ ही जमीन-जायदाद के विवाद सुलझते हैं। मंदिर में माता की मूर्ति पीले रंग में है। पूजा पीले कपड़ों में की जाती है। यहां दर्शन करने से अचानक लाभ मिलता है। मंदिर में तांत्रिक पूजा भी होती है। इस मंंदिर में अक्सर राजनेता और बड़े-बड़े सेलिब्रिटीज दर्शन को आते हैं।
सेलिब्रिटी भी लेते हैं माता का आशीर्वाद
इस मंदिर की मान्यता इतनी है कि आम लोगों के साथ सेलिब्रिटी और नेता भी दर्शन करने आते हैं। शिल्पा शेट्टी, कंगना रनौत, गोविंदा और एकता कपूर जैसे बॉलीवुड सितारे यहां हवन और पूजा करते दिखे हैं। हाल ही में डायरेक्टर आदित्य धर अपनी फिल्म 'धुरंधर' की सफलता के बाद पत्नी यामी गौतम के साथ मंदिर पहुंचे और माता का आशीर्वाद लिया। सेलिब्रिटी के लिए विशेष VIP व्यवस्था होती है।
