प्राण प्रतिष्ठा वर्षगांठ पर रामलला की प्रतिमा देख भक्त हुए मंत्रमुग्ध, पीले वस्त्रों में सजे श्री राम
अयोध्या राम मंदिर में रामलला की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा की पहली वर्षगांठ काफी धूमधाम से मनाई जा रही है। इस शुभ अवसर पर रामलला की प्रतिमा का बेहद खास श्रृंगार किया गया है। देखें तस्वीर।
अयोध्या राम मंदिर में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा की पहली वर्षगांठ 2025 में 11 जनवरी को मनाई जा रही है। जिसे लेकर राम भक्तों में काफी उत्साह देखने को मिल रहा है। इस दिन रामलला का विशेष श्रृंगार किया गया है। जिससे रामलला की प्रतिमा सामान्य दिनों के मुकाबले ज्यादा आकर्षक नजर आ रही है।
रामलला की प्राण प्रतिष्ठा की पहली वर्षगांठ में क्या कुछ होगा खास, जानिए
जानकारी अनुसार सर्दी के मौसम को ध्यान में रखते हुए रामलला की विशेष ड्रेस डिजाइन की जा रही है। साथ ही उस पर सोने, चांदी, हीरे, मोती से बने आभूषण रामलला को पहनाएं जाएंगे। बता दें रामलला की प्राण प्रतिष्ठा की वर्षगांठ एक नहीं बल्कि तीन दिनों तक मनाई जाएगी। जिसे प्रतिष्ठा द्वादशी नाम दिया गया है। इस शुभ अवसर पर अयोध्या मंदिर में 11 जनवरी से 13 जनवरी तक विशेष कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। यहां आप देखेंगे इस कार्यक्रम से जुड़ी हर एक तस्वीर।
Ram Lalla Photo, राम मंदिर वर्षगांठ 2025
Ram Lalla Photo: राम जी की फोटो
Ram Lalla First Photo Of Pran Pratishtha Anniversary
ram lalla shringar photo
राम मंदिर की पहली वर्षगांठ 2025 की फोटो
रामलला के अभिषेक की तस्वीर
Ayodhya Ram Ji Ki Photo: राम जी की फोटो
Ram Mandir First Anniversary, Ram Lalla Abhishek Photo: रामलला का अभिषेक
Ayodhya Ram Lalla Photo: रामलला फोटो
11 जनवरी को अयोध्या राम मंदिर में क्या-क्या होगा
Ram Ji Ki Stuti (श्री राम स्तुति)
श्री रामचन्द्र कृपालु भजुमन
हरण भवभय दारुणं ।
नव कंज लोचन कंज मुख
कर कंज पद कंजारुणं ॥१॥
कन्दर्प अगणित अमित छवि
नव नील नीरद सुन्दरं ।
पटपीत मानहुँ तडित रुचि शुचि
नोमि जनक सुतावरं ॥२॥
भजु दीनबन्धु दिनेश दानव
दैत्य वंश निकन्दनं ।
रघुनन्द आनन्द कन्द कोशल
चन्द दशरथ नन्दनं ॥३॥
शिर मुकुट कुंडल तिलक
चारु उदारु अङ्ग विभूषणं ।
आजानु भुज शर चाप धर
संग्राम जित खरदूषणं ॥४॥
इति वदति तुलसीदास शंकर
शेष मुनि मन रंजनं ।
मम् हृदय कंज निवास कुरु
कामादि खलदल गंजनं ॥५॥
मन जाहि राच्यो मिलहि सो
वर सहज सुन्दर सांवरो ।
करुणा निधान सुजान शील
स्नेह जानत रावरो ॥६॥
एहि भांति गौरी असीस सुन सिय
सहित हिय हरषित अली।
तुलसी भवानिहि पूजी पुनि-पुनि
मुदित मन मन्दिर चली ॥७॥
॥सोरठा॥
जानी गौरी अनुकूल सिय
हिय हरषु न जाइ कहि ।
मंजुल मंगल मूल वाम
अङ्ग फरकन लगे।
अवध में राम आए हैं (Avadh Mein Ram Aye Hain)
अवध में राम आए हैं,
अवध मे राम आए है,
मेरे सरकार आए हैं,
लगे कुटिया भी दुल्हन सी,
अवध मे राम आए हैं,
सजा दो घर को गुलशन सा,
अवध मे राम आएं हैं ।
पखारों इनके चरणों को,
बहा कर प्रेम की गंगा,
बिछा दो अपनी पलकों को,
अवध मे राम आए हैं,
सजा दो घर को गुलशन सा,
अवध मे राम आए हैं ।
तेरी आहट से है वाकिफ़,
नहीं चेहरे की है दरकार,
बिना देखेँ ही कह देंगे,
लो आ गए है मेरे सरकार,
लो आ गए है मेरे सरकार,
दुआओं का हुआ है असर,
दुआओं का हुआ है असर,
अवध मे राम आए हैं,
सजा दो घर को गुलशन सा,
अवध मे राम आए हैं ।
सजा दो घर को गुलशन सा,
अवध में राम आए हैं,
अवध मे राम आए है,
मेरे सरकार आए हैं,
लगे कुटिया भी दुल्हन सी,
अवध मे राम आए हैं,
सजा दो घर को गुलशन सा,
अवध मे राम आएं हैं ।
Ram Mandir Anniversary Ram Lalla Photos: प्राण प्रतिष्ठा सालगिरह की पहली तस्वीर
Ram Mandir Pran Pratishtha 1st Anniversary, Ram Lalla Photos
Ayodhya Ram Mandir Ramlala Photo: रामलला की फोटो
Ayodhya Ram Mandir Photo
Ram lala Shringar Images (रामलला श्रृंगार)
भगवान श्री राम की आरती
नवकंज लोचन कंज मुखकर, कंज पद कन्जारुणम्।।
कंदर्प अगणित अमित छवी नव नील नीरज सुन्दरम्।
पट्पीत मानहु तडित रूचि शुचि नौमी जनक सुतावरम्।।
भजु दीन बंधु दिनेश दानव दैत्य वंश निकंदनम्।
रघुनंद आनंद कंद कौशल चंद दशरथ नन्दनम्।।
सिर मुकुट कुण्डल तिलक चारु उदारू अंग विभूषणं।
आजानु भुज शर चाप धर संग्राम जित खर-धूषणं।।
इति वदति तुलसीदास शंकर शेष मुनि मन रंजनम्।
मम ह्रदय कुंज निवास कुरु कामादी खल दल गंजनम्।।
मनु जाहिं राचेऊ मिलिहि सो बरु सहज सुंदर सावरों।
करुना निधान सुजान सिलू सनेहू जानत रावरो।।
एही भांती गौरी असीस सुनी सिय सहित हिय हरषी अली।
तुलसी भवानी पूजि पूनी पूनी मुदित मन मंदिर चली।।
जानि गौरी अनुकूल सिय हिय हरषु न जाइ कहि।
मंजुल मंगल मूल वाम अंग फरकन लगे।।
श्री राम चंद्र कृपालु भजमन हरण भाव भय दारुणम्।
नवकंज लोचन कंज मुखकर, कंज पद कन्जारुणम्।।
