Chandra Dev Ki Aarti: ॐ जय सोम देवा आरती इन हिंदी, देखें चंद्र देव की आरती लिखित में

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Mar 17, 2022, 07:54 PM IST

Chandra Dev Ji Ki Aarti Lyrics in Hindi (ॐ जय सोम देवा आरती ): शास्त्र के अनुसार भगवान शिव चंद्रमा के स्वामी हैं। इनकी पूजा सर्वप्रथम करने से चंद्रमा देवता जल्द प्रसन्न होते हैं। यहां आप चंद्रमा देवता की आरती हिंदी लिरिक्स के साथ देख कर शुद्ध-शुद्ध पढ़ सकते हैं।

Chandra Dev Ki Aarti: ॐ जय सोम देवा आरती इन हिंदी, देखें चंद्र देव की आरती लिखित में

Chandra Dev Ki Aarti Lyrics In Hindi, Om Jai Soma Deva Aarti: चंद्र देव और सूर्य देव का दर्शन लोग प्रतिदिन करते हैं। चंद्र देव रात के स्वामी है। हिंदू शास्त्र के अनुसार चंद्र देवता की पूजा करने से पहले भगवान शिव की पूजा करनी बेहद जरूरी होती है। ऐसी मान्यता है कि भगवान शिव की पूजा करने से चंद्रमा देवता बहुत जल्द प्रसन्न हो जाते हैं। आपको बता दें चंद्र देव भगवान भोलेनाथ के मस्तक पर हमेशा विराजमान रहते हैं। 

लोग चंद्रमा देवता को प्रसन्न करने के लिए बहुत से उपाय भी करते हैं। चंद्र देवता की पूजा करने से सभी मनोकामनाएं शीघ्र पूर्ण होती हैं। यदि आप चंद्र देवता की पूजा अर्चना करने वाले है या करने की सोच रहे हैं, तो उनकी पूजा में ये आरती जरूर पढ़ें। इस आरती को पढ़ने से चंद्र देवता बहुत जल्द प्रसन्न हो जाते हैं। यहां आप चंद्र देवता की आरती हिंदी लिरिक्स के साथ पढ़ सकते है।

Chandra Dev ji ki aarti lyrics in hindi, Om Jai Soma Deva Aarti

            
ॐ जय सोम देवा, स्वामी जय सोम देवा ।
दुःख हरता सुख करता, जय आनन्दकारी।

रजत सिंहासन राजत, ज्योति तेरी न्यारी ।
दीन दयाल दयानिधि, भव बन्धन हारी।

      जो कोई आरती तेरी, प्रेम सहित गावे।
     सकल मनोरथ दायक, निर्गुण सुखराशि।

       योगीजन हृदय में, तेरा ध्यान धरें ।
     ब्रह्मा विष्णु सदाशिव, सन्त करें सेवा।

     वेद पुराण बखानत, भय पातक हारी।
       प्रेमभाव से पूजें, सब जग के नारी।

    शरणागत प्रतिपालक, भक्तन हितकारी।
     धन सम्पत्ति और वैभव, सहजे सो पावे।

     विश्व चराचर पालक, ईश्वर अविनाशी।
      सब जग के नर नारी, पूजा पाठ करें।

   ॐ जय सोम देवा, स्वामी जय सोम देवा।

पूर्णिमा व्रत में खासतौर पर चंद्र देव की अराधना कर उनकी आरती करने की परंपरा है। ध्यान दें कि पूजा में चंद्र देव की आरती पढ़ने में त्रुटि करना सही नहीं माना जाता है। 

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार कुंडली में चंद्रमा की स्थिति खराब होने से व्यक्ति को कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ता है। चंद्रमा कमजोर होने से व्यक्ति बहुत ही भावुक स्वभाव का हो जाता है। उस व्यक्ति में धैर्य की कमी हो जाती है। वह नेत्र रोग, तनाव, संतान कष्ट, भय, विकार जैसी समस्याओं से अक्सर ग्रसित रहता हैं। 

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