World Post Day 2023: हर साल 9 अक्टूबर को विश्व डाक दिवस मनाया जाता है। इसकी शुरुआत 1969 में हुई थी। पहली बार साल 1969 में ही विश्व डाक दिवस मनाया गया था। तब से ही हर साल 9 अक्टूबर को विश्व डाक दिवस मनाया जाता है। हम सभी लोग ये बात जानते हैं कि पहले के जमाने में लोग किसी को अपनी बात कहने के लिए चिट्ठी का इस्तेमाल करते थे और किसी भी संदेश या वस्तु को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचने का काम डाक विभाग होता है। डाक सेवा गांव से शहर, शहर से प्रदेश, प्रदेश से देश और देश से विदेश को जोड़ने का काम करती थी। डाक दिवस के मौके पर कई तरह के कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं ताकि लोगों को डाक सेवा के महत्व के बारे में बताया जा सके।
विश्व डाक दिवस का इतिहास
विश्व डाक दिवस का इतिहास काफी पुराना है। बात 1840 की है जब ब्रिटेन में सर रॉलैंड हिल ने एक नई व्यवस्था को शुरू किया था जिसमें पत्र तैयार किए जाते थे। सर रॉलैंड हिल ने ही दुनिया की पहली अंतरराष्ट्रीय डाक सेवा शुरू की थी। विश्व डाक दिवस (World Post Day) दिन यूनिवर्सल पोस्टल यूनियन की स्थापना की तारीख को मनाने के लिए भी मनाया जाता है। वहीं यूनिवर्सल पोस्टल यूनियन की शुरुआत 09 अक्टूबर 1874 में स्विट्जरलैंड में हुई थी। साल 1969 को टोक्यो में आयोजित यूपीयू के ही एक सम्मेलन में, इस दिन को ‘वर्ल्ड पोस्ट डे’ मनाए जाने की घोषणा हुई।
विश्व डाक दिवस महत्व
विश्व डाक दिवस महत्व को मनाने का मुख्य उद्देश्य लोगों में डाक सेवाओं की भूमिका के बारे में जागरूकता फैलाना है। विश्व डाक दिवस के उद्देश्यों की बात करें तो इसका मुख्य उद्देश्य देशों के विकास सेवा के आर्थिक और सामाजिक महत्व को आगे बढ़ाना है।
विश्व डाक दिवस 2023 का विषय और थीम
इस वर्ष, यह दिन " एक साथ विश्वास के लिए: एक सुरक्षित और जुड़े भविष्य के लिए सहयोग " की थीम के साथ मनाया जाएगा। पिछले वर्ष यह दिन 'पोस्ट फॉर प्लैनेट' थीम के साथ मनाया गया था।
