Vaishakh Month Diet Rules: भारतीय खानपान की परंपरा में हर ऋतु और महीने के अनुसार खाने के नियम बनाए गए हैं, जिनका सीधा संबंध हमारी सेहत से जुड़ा होता है। वैशाख का महीना जो गर्मी की शुरुआत का संकेत देता है, खाने से जुड़े कुछ विशेष नियमों के पालन का समय माना जाता है। इस दौरान आयुर्वेद और पारंपरिक मान्यताओं के अनुसार कुछ चीजों का सेवन करने तो कुछ चीजों से परहेज करने की सलाह दी जाती है। क्योंकि मौसम में गर्मी बढ़ती है और पाचन कमजोर होने लगता है, तो भारी भोजन करने से बचना चाहिए। आइए जानते हैं वैशाख में क्या खाएं और क्या नहीं?
सावन में क्या खाएं और क्या नहीं?
वैशाख में क्या नहीं खाना चाहिए?
वैशाख के महीने से गर्मियों की शुरुआत हो जाती है। गर्मी के इस मौसम में शरीर की पाचन शक्ति अपेक्षाकृत कमजोर हो जाती है। ऐसे में अधिक तेल वाला और भारी भोजन पचाने में कठिनाई होती है, जिससे अपच, गैस, एसिडिटी और सुस्ती जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं। आयुर्वेद में सलाह दी जाती है कि इस महीने में बीजों से निकलने वाले तेल जैसे सरसों, मूंगफली, तिल और सूरजमुखी आदि का सेवन नहीं करना चाहिए। इनकी जगह आप देसी घी और नारियल तेल का इस्तेमाल कर सकते हैं।
वैशाख में क्या खाना चाहिए?
इसके साथ ही वैशाख के महीने में हमारी डाइट में बेल जरूर शामिल होना चाहिए। बेल एक ऐसा फल है जो गर्मियों में शरीर को ठंडक देने के लिए बेहद लाभकारी माना जाता है। बेल का शरबत न केवल शरीर को हाइड्रेट करता है बल्कि लू से बचाव में भी मदद करता है। इसके अलावा बेल हमारे पाचन तंत्र को मजबूत करता है और कब्ज, दस्त जैसी समस्याओं से राहत दिलाता है। बेल की चटनी या मुरब्बा भी स्वाद और सेहत दोनों के लिए अच्छा विकल्प हो सकता है।
खानपान के पारंपरिक नियम
आज जब लाइफस्टाइल और खानपान तेजी से बदल रहे हैं, तब इन पारंपरिक नियमों की प्रासंगिकता और बढ़ जाती है। खासकर गर्मियों में हल्का, सुपाच्य और ठंडक देने वाला भोजन डाइट में शामिल करना जरूरी हो जाता है। इसलिए वैशाख में तैलीय भोजन कम करके और बेल जैसे प्राकृतिक विकल्पों को शामिल करके न केवल परंपरा का पालन किया जा सकता है, बल्कि अपनी सेहत को भी बेहतर बनाया जा सकता है। इससे जुड़ी एक कहावत भी है-
चैते गुड़ वैशाखे तेल जेठे मिर्च, आषाढ़े बेल।
सावन साग भादो मही क्वार करेला कार्तिक दही।।
अगहन जीरा पूस धना माघै मिश्री फागुन चना।
जो कोई इतने परिहरै, ता घर बैद पैर नहिं धरै।।
डिस्क्लेमर- यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। इसे एक्सपर्ट की सलाह के तौर पर नहीं लेना चाहिए। खानपान से जुड़ी किसी भी सलाह को अमल में लाने से पहले डाइटीशियन की सलाह जरूर लें।
