MPs suspended from Loksabha: सोमवार को संसद में निलंबन की बड़ी कार्रवाई हुई। लोकसभा से 33 विपक्षी सांसद और राज्यसभा से 34 सांसद सस्पेंड किए गए। इस तरह से कुल 67 सांसद सोमवार को संसद से निलंबित हुए। सस्पेंड होने वालों में लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी, जयराम रमेश, गौरव गोगोई, टीआर बालू, सुनील मंडल, प्रसून बनर्जी सहित अन्य सांसद शामिल हैं। इन सभी सांसदों को शीतकालीन सत्र की शेष अवधि के लिए सस्पेंड किया गया है। संसद के शीतकालीन सत्र का अवसान 22 दिसंबर को हो रहा है।
हंगामा करने पर लोकसभा से निलंबित हुए विपक्ष के सांसद।
'अपनी तानाशाही के चरम पर पहुंच गई है सरकार'
लोकसभा से निलंबित होने के बाद संसद परिसर में मीडिया से बातचीत में अधीर ने कहा कि 'मुझे और सभी नेताओं को निलंबित कर दिया गया। हम लोग संसद से निलंबित अपने साथियों का सस्पेंशन खत्म करने की मांग कर रहे थे। हमारी मांग थी कि संसद की सुरक्षा में सेंध मामले में गृह मंत्री को सदन में आकर बयान देना चाहिए। गृह मंत्री रोज टीवी पर बयान देते हैं। संसद की सुरक्षा को लेकर सरकार क्या कर रही है, इस बारे में वह थोड़ा सा तो संसद में बोल सकते हैं। आज यह सरकार अपनी तानाशाही के चरम पर पहुंच गई है। हम चर्चा चाहते थे लेकिन...'
सदन में आसन की चेतावनी के बावजूद तख्तियां लहराने और सदन की अवमानना के मामले में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी, के. सुरेश एवं गौरव गोगोई, तृणमूल कांग्रेस सदस्य कल्याण बनर्जी, सौगत राय और प्रतिमा मंडल, द्रमुक सदस्य टी आर बालू, दयानिधि मारन और ए राजा, आरएसपी के एन के प्रेमचंद्रन सहित अन्य सदस्यों को संसद सत्र की शेष अवधि के लिए निलंबित कर दिया गया।
हमें निलंबित कर दिया गया-अब्दुल खालिद
कांग्रेस के निलंबित सांसद अब्दुल खालिद ने कहा कि संसद में सेंध मामले में हमने केवल सरकार से जवाब मांगा था। हमारी मांग थी कि गृह मंत्री को सदन में आकर इस बारे में बयान देना चाहिए था लेकिन हमें निलंबित कर दिया गया। बता दें कि गत 14 दिसंबर को संसद की सुरक्षा में सेंध मामले को लेकर 'अमर्यादित आचरण' करने पर लोकसभा से 13 एवं राज्यसभा एक सांसद को निलंबित किया गया। राज्यसभा में टीएमसी सांसद डेरेक ओ ब्रायन निलंबित हुए।
