Shiv Sena-MNS Rally: मुंबई के शिवाजी पार्क में आज शिवसेना (यूबीटी) और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (एमएनएस) ने संयुक्त रैली कर धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे का जश्न मनाया। इसके साथ ही उद्धव ठाकरे और MNS प्रमुख राज ठाकरे ने रैली में NEET परीक्षा की तैयारी कर रहे उन छात्रों को श्रद्धांजलि दी गई जिन्होंने आत्महत्या कर ली थी। एक सार्वजनिक रैली के दौरान शिव सेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (एमएनएस) अध्यक्ष राज ठाकरे ने अपने समर्थकों का अभिवादन किया। इस दौरान उद्धव और राज ठाकरे ने छात्रों के प्रदर्शन की जमकर तारीफ करते हुए मोदी सरकार को घेरा।
मुंबई शिवाजी पार्क रैली में उद्धव और राज ठाकरे
कहा- Gen Z सरकार को चुनौती दे सकती है
राज ठाकरे ने मुंबई में अपने चचेरे भाई उद्धव ठाकरे के साथ रैली में कहा, छात्रों के विरोध प्रदर्शन की सफलता ने साबित कर दिया कि Gen Z सरकार को चुनौती दे सकती है। धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे का जश्न मनाने के लिए आयोजित रैली में उद्धव ठाकरे ने कहा कि युवाओं ने भारत के इतिहास में एक सुनहरा अध्याय लिखा है।
पीएम मोदी लोगों का दिल जीतना नहीं जानते- बोले उद्धव
शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने कहा, "मैं सरकार से कहना चाहता हूं कि उन्हें काम करना चाहिए। लेकिन ऐसा करने के बजाय, वे सब कुछ त्याग कर पार्टियां तोड़ने में व्यस्त हैं। मैं उन बच्चों का दर्द नहीं भूल सकता जिन्होंने अपनी जान गंवाई। प्रधानमंत्री मोदी वोट चुराना तो जानते हैं, लेकिन लोगों का दिल जीतना नहीं जानते। आज 'अंधभक्त' बच्चों को धमका रहे हैं। एक वीडियो बनाकर उनके चेहरे बेनकाब कीजिए। हमने एक राष्ट्र की शक्ति देखी है, और हमें इसे कभी कमजोर नहीं करना चाहिए।"
मौन रखकर छात्रों को श्रद्धांजलि अर्पित की
वहीं, महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (एमएनएस) के अध्यक्ष राज ठाकरे ने कहा, "आज का दिन मनाना महत्वपूर्ण है; यह आप सभी की मेहनत का फल है। कई छात्रों ने आत्महत्या की है। हम एक मिनट का मौन रखकर इन छात्रों को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।"
धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा
बता दें कि शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार को शिक्षा मंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद, कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रतिनिधियों ने सरकार के प्रतिनिधियों से बातचीत की। इस वार्ता के बाद एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरकार के प्रतिनिधि केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने छात्रों की मांगों को स्वीकार कर लिया। जिसके बाद, सीजेपी ने जंतर-मंतर पर जारी आंदोलन वापस ले लिया।
जंतर-मंतर पर रहा जश्न का माहौल
प्रधान के इस्तीफे और सरकार द्वारा छात्रों की मांगें मानने के बाद जंतर-मंतर पर जश्न का माहौल देखने को मिला। हजारों की संख्या में जुटे प्रदर्शनकारी ढोल की धुन पर थिरकते, तिरंगा लहराते और 'वंदे मातरम' का उद्धोष करते दिखे। इसे छात्रों और युवा पीढ़ी की सबसे बड़ी जीत करार दिया गया।
कुछ दिन पहले तक जिस प्रदर्शन स्थल पर झड़पें हुई थीं, आंसू गैस के गोले छोड़े गए थे और लोग घायल हुए थे, वहीं अब जश्न का माहौल है। प्रदर्शनकारी एक-दूसरे को गले लगा रहे थे, तिरंगा लहरा रहे थे, 'चक दे इंडिया' गीत पर गोल घेरा बनाकर नाच रहे थे और लोकतंत्र व छात्र एकता के समर्थन में नारे लगाते हुए डफली बजा रहे थे।
