JP Nadda Letter To Kharge: भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष जेपी नड्डा ने नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को राजनीति का असफल उत्पाद करार दिया और कहा कि उन्हें महिमामंडित करना कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की मजबूरी है। नड्डा ने पिछले दिनों खरगे की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लिखे उस पत्र के जवाब में यह बात कही, जिसमें कांगेस अध्यक्ष ने मांग की थी कि वह राहुल गांधी के खिलाफ आपत्तिजनक और विवादित बयान देने वाले नेताओं पर कार्रवाई करें। केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को देश का सबसे बड़ा दुश्मन और आतंकवादी करार दिया था। इसके अलावा राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन के कुछ नेताओं ने भी राहुल गांधी के खिलाफ सख्त टिप्पणियां की हैं।
नड्डा का खरगे पर पलटवार
नाकाम प्रोडक्ट का महिमामंडन
नड्डा ने अपने जवाबी पत्र में कहा, मैं समझता हूं कि अपने नित्य निरंतर ‘फेल्ड प्रोडक्ट’ का बचाव करना और उसे महिमामंडित करना आपकी मजबूरी है। कम से कम कांग्रेस अध्यक्ष होने के नाते खरगे को मंथन भी करना चाहिए कि उनकी पार्टी के शीर्ष नेताओं तक ने प्रधानमंत्री के खिलाफ किस प्रकार के दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक बयान पूर्व में दिए हैं। उन्होंने खरगे पर आरोप लगाया कि आपने राजनीतिक मजबूरीवश जनता द्वारा बार-बार नकारे गए अपने फेल्ड प्रोडक्ट को फिर से पॉलिश कर बाजार में उतरने के प्रयास में देश के प्रधानमंत्री को पत्र लिखा है।
राहुल गांधी सहित अपने नेताओं की करतूतें भूले
उन्होंने कहा कि पत्र को पढ़कर उन्हें लगा कि खरगे द्वारा कही गई बातें यथार्थ और सत्य से कोसों दूर है और ऐसा लगता है कि पत्र में वह राहुल गांधी सहित अपने नेताओं की करतूत को या तो भूल गए हैं या उसे जानबूझकर नजर अंदाज कर रहे हैं। नड्डा ने कहा, जिस व्यक्ति का इतिहास ही देश के प्रधानमंत्री सहित पूरे ओबीसी समुदाय को चोर कहकर गाली देने का रहा हो, देश के प्रधानमंत्री के लिए अत्यंत अमर्यादित शब्दों का प्रयोग करने का रहा हो, जिसने संसद में देश के प्रधानमंत्री को डंडे से पीटने की बात कही हो, जिसकी धृष्ट मानसिकता से पूरा देश वाकिफ है, उन राहुल गांधी को सही ठहरने की कोशिश आप किस मजबूरी के चलते कर रहे हैं।
सोनिया ने नरेंद्र मोदी को बताया था मौत का सौदागर
भाजपा अध्यक्ष ने याद दिलाया कि सोनिया गांधी ने प्रधानमंत्री के लिए मौत का सौदागर जैसे अत्यंत निंदनीय शब्दों का प्रयोग किया था। उन्होंने कहा कि कांग्रेस एंड कंपनी के नेताओं ने पिछले 10 साल में प्रधानमंत्री मोदी को 110 से अधिक गालियां दी हैं। उन्होंने कहा कि इन सभी दुर्भावनापूर्ण, दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक बयानों का पार्टी के नेता महिमामंडन करते रहे। नड्डा ने पूछा, कांग्रेस तब क्यों राजनीतिक शुचिता की बातें भूल गई थी जब राहुल गांधी ने सरेआम मोदी की छवि को खराब कर देंगे वाली बात कही थी? तब राजनीतिक मर्यादा को किसने तार-तार किया था?
कांग्रेस का पलटवार
वहीं, कांग्रेस ने जेपी नड्डा द्वारा मल्लिकार्जुन खरगे को लिखे गए जवाबी पत्र को लेकर उन पर निशाना साधा और कहा कि प्रधानमंत्री मोदी को लिखे गए खत का निरर्थक जवाब भेजने का काम नड्डा को दे दिया गया। पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने खरगे के पत्र का जवाब प्रधानमंत्री की तरफ से नहीं आने को लेकर कटाक्ष किया कि स्वघोषित परमात्मा के अवतार कुछ अलग ही होते हैं।रमेश ने एक्स पर पोस्ट किया, जब पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह नॉन-बायोलॉजिकल प्रधानमंत्री को कोविड-19 पर पत्र लिखते हैं तब स्वास्थ्य मंत्री को उन्हें अपने नाम से भेजने के लिए एक अपमानजनक जवाब थमा दिया जाता है। अब कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे जी ने मोदी जी के सहयोगियों द्वारा लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को दी जा रही गंभीर धमकियों को लेकर नॉन-बायोलॉजिकल प्रधानमंत्री को पत्र लिखा, तो भाजपा अध्यक्ष को निरर्थक जवाब भेजने का काम दे दिया गया। उन्होंने कहा कि देश ने एक ऐसे प्रधानमंत्री (नेहरू) को भी देखा है, जिन्होंने 17 वर्षों तक उन्हें भेजे गए सभी आधिकारिक और व्यक्तिगत पत्रों का जवाब दिया, जैसा कि उनके चुनिंदा कार्यों के 100 से अधिक वॉल्यूम प्रमाणित करते हैं।
रमेश ने तंज कसते हुए कहा, मुझे लगता है कि स्वघोषित परमात्मा के अवतार कुछ अलग ही होते हैं।
