'वंदे मातरम' पर शर्मिला टैगोर के बयान से भड़कीं कंगना, बोली- सोच इतनी सीमित कैसे?

'वंदे मातरम' विवाद पर बीजेपी सांसद कंगना रनौत(Kangana Ranaut) ने अभिनेत्री शर्मिला टैगोर (Sharmila Tagore) के बयान पर पलटवार किया है। कंगना ने उनकी सोच को सीमित और बनावटी बताते हुए कला की समझ पर सवाल उठाए।

'वंदे मातरम' के छंदों को लेकर शुरू हुआ विवाद अब राजनीतिक गलियारों से निकलकर बॉलीवुड तक पहुंच गया है। हाल ही में वरिष्ठ अभिनेत्री शर्मिला टैगोर (Sharmila Tagore) के एक बयान पर बीजेपी सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत (Kangana Ranaut) ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। कंगना ने शर्मिला टैगोर की सोच को "सीमित और बनावटी" बताते हुए कला व कविता के प्रति उनकी समझ पर सवाल खड़े किए हैं।

kangana ranaut and sharmila tagore

शर्मिला टैगोर पर कंगना रनौत का पलटवार (फोटो- PTI)

क्या था शर्मिला टैगोर का बयान?

'वंदे मातरम' के दो से अधिक छंद (स्टैंजा) गाने को लेकर जारी चर्चा के बीच शर्मिला टैगोर ने अपनी राय रखी थी। उन्होंने कहा था कि 'वंदे मातरम' के बाकी के छंद उन लोगों के लिए गाना या स्वीकार करना मुश्किल हो सकता है जो केवल एक ईश्वर में विश्वास रखते हैं, क्योंकि इसमें देवी-देवताओं और मूर्तियों के रूप में राष्ट्र की वंदना का उल्लेख है।

कंगना रनौत का पलटवार

शर्मिला टैगोर के इस बयान का स्क्रीनशॉट अपने इंस्टाग्राम पर शेयर करते हुए कंगना रनौत ने लंबी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने लिखा, "मैं इस बात की तारीफ करती हूं कि शर्मिला जी ने वंदे मातरम को लेकर अपनी आपत्तियां जाहिर कीं। लेकिन एक कलाकार के तौर पर मुझे हैरानी है कि आर्ट और कविता को लेकर उनकी सोच इतनी सीमित और बनावटी कैसे हो सकती है? किसी भी कविता या गीत में शब्द रूपक होते हैं। एक कवि मनचाहा असर पैदा करने के लिए अलग-अलग तरह की कल्पनाओं का इस्तेमाल करता है और शानदार समानताएं बनाता है।"

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