Indus Waters Treaty : भारत और पाकिस्तान के बीच चल रही गोलीबारी रोकने के लिए दोनों देशों के बीच शनिवार को सीजफायर पर समझौता हो गया। इससे दोनों तरफ सीमावर्ती इलाकों में रहने वाले लोगों ने राहत की सांस ली। बीते 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले में 26 लोगों की जान गई थी। इसके बाद छह-सात मई की दरम्यानी रात भारत ने 'ऑपरेशन सिंदूर' लॉन्च करते हुए पाकिस्तान के कब्जे वाले पीओके और पंजाब में नौ आतंकी ढांचों पर हवाई हमले किए। इसके बाद दोनों देशों के बीच गोलाबारी और हवाई हमलों का दौर शुरू हो गया। दोनों देशों के बीच बढ़ते तनाव को देखते हुए अमेरिका ने मध्यस्थता की और 10 मई की शाम साढ़े पांच बजे से सीजफायर लागू हो गया।
सिंधु जल संधि पर लगी रोक जारी रहेगी।
सिंधु जल संधि को स्थगित रखने का फैसला जारी रहेगा
पहलगाम हमले के बाद भारत ने सिंधु जल संधि को स्थगित करने सहित पाकिस्तान के खिलाफ कई दंडात्मक उपाय लागू किए। अब रिपोर्टों में सरकार के सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि सिंधु जल संधि को स्थगित रखने का फैसला जारी रहेगा। यह स्पष्टीकरण भारत और पाकिस्तान के बीच गोलीबारी तथा सैन्य कार्रवाई रोकने पर सहमति बनने के बाद आया। सूत्रों ने बताया कि 23 अप्रैल को पाकिस्तान के खिलाफ भारत द्वारा घोषित कदम प्रभावी रहेंगे। सूत्रों ने कहा कि आतंकवाद को बख्शा नहीं जाएगा और आतंकवाद के संबंध में भारत का संकल्प दृढ़ है।
तत्काल संघर्षविराम पर सहमत हुए भारत-पाक
दोनों पक्षों के बीच शत्रुता समाप्त करने के लिए बनी सहमति के बारे में सूत्रों ने बताया कि पाकिस्तान ने इसे द्विपक्षीय व्यवस्था बताया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भारत और पाकिस्तान के बीच समझौते की घोषणा करने वाले पहले व्यक्ति थे और उन्होंने इसका श्रेय भी लिया। ट्रंप ने ‘ट्रुथ सोशल’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘अमेरिका की मध्यस्थता में रात लंबी बातचीत के बाद, मुझे यह घोषणा करते हुए खुशी हो रही है कि भारत और पाकिस्तान पूर्ण एवं तत्काल संघर्षविराम पर सहमत हो गए हैं। समझ और बेहतरीन विवेक प्रदर्शित करने के लिए दोनों देशों को बधाई। इस मामले पर ध्यान देने के लिए आपका धन्यवाद।’
