गुजरात में पहले सबसे बड़े स्वदेशी 700 मेगावाट काकरापार परमाणु ऊर्जा संयंत्र यूनिट-3 (Kakrapar Atomic Power Station) ने पूरी क्षमता के साथ परिचालन शुरू कर दिया है। यह जानकारी गुरुवार (31 अगस्त, 2023) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दी। उन्होंने इसे एक बड़ा और अहम मुकाम बताते हुए वैज्ञानिकों और इंजीनियरों को बधाई दी।
तस्वीर का इस्तेमाल सिर्फ प्रस्तुतिकरण के लिए किया गया है।
उन्होंने इस बाबत "एक्स" पर पोस्ट किया और लिखा- भारत ने एक और मुकाम हासिल कर लिया है। गुजरात में पहला सबसे बड़ा स्वदेशी 700 मेगावाट काकरापार परमाणु ऊर्जा संयंत्र यूनिट-3 पूरी क्षमता पर परिचालन शुरू कर चुका है। मैं इसके लिए हमारे वैज्ञानिकों और इंजीनियरों को बधाई देता हूं।
काकरापार परमाणु ऊर्जा परियोजना (केएपीपी) यूनिट 3 ने 30 जून, 2023 को वाणिज्यिक परिचालन शुरू किया। एनपीसीआईएल के पास 7500 मेगावाट की कुल क्षमता के साथ नौ और रिएक्टर निर्माणाधीन हैं।
केएपीपी के तहत चार यूनिट्स आती हैं, जिनका ब्यौरा कुछ इस प्रकार है।
वैसे, परमाणु ऊर्जा विभाग (डीएई) के तहत एक सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यम न्यूक्लियर पावर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (एनपीसीआईएल) को परमाणु ऊर्जा रिएक्टरों के डिजाइन, निर्माण, कमीशनिंग और संचालन का काम सौंपा गया है।
एनपीसीआईएल मौजूदा समय में 7480 मेगावाट की संयुक्त क्षमता वाले 23 वाणिज्यिक परमाणु ऊर्जा रिएक्टर संचालित करता है। रिएक्टर बेड़े में दो उबलते पानी रिएक्टर (बीडब्ल्यूआर), 19 दबावयुक्त भारी पानी रिएक्टर (पीएचडब्ल्यूआर) शामिल हैं, जिनमें डीएई, भारत सरकार के स्वामित्व वाले राजस्थान में एक 100 मेगावाट पीएचडब्ल्यूआर और दो 1000 मेगावाट क्षमता वाले वीवीईआर रिएक्टर शामिल है।
