Kerala Nurse Death Row In Yemen: यमन में भारतीय नर्स निमिषा प्रिया की फांसी पर रोक लगवाने के लिए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल हुई है और कोर्ट 14 जुलाई को इस मामले में सुनवाई करेगा। इस बीच, निमिषा प्रिया के पति टॉमी थॉमस की प्रतिक्रिया सामने आई है, जो निमिषा प्रिया के संपर्क में हैं।
भारतीय नर्स निमिषा प्रिया (बाएं) और पति थॉमी टॉमस (दाएं)
टॉमी थॉमस ने क्या कुछ कहा?
निमिषा प्रिया के पति टॉमी थॉमस ने समाचार एजेंसी एएनआई के साथ बातचीत में कहा कि मैं निमिषा के संपर्क में हूं। उसे मैसेज और वॉयस मैसेज भेजना संभव है। मैंने कल राज्यपाल से मुलाकात की, जिन्होंने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंह के माध्यम से निमिषा की मां को हरसंभव सहायता देने का वादा किया। केंद्र सरकार, राज्य सरकार और विदेश मंत्रालय भी प्रयास कर रही है और हमें सकारात्मक प्रतिक्रिया की उम्मीद है। हमारे वकील हरसंभव प्रयास में जुटे हैं।
फांसी रुकवाने की हो रही कोशिश
केरल के पलक्कड़ जिले की 38 वर्षीय नर्स निमिषा प्रिया को 2017 में अपने यमनी बिजनेस पार्टनर की हत्या का दोषी ठहराया गया था। उन्हें 2020 में मौत की सजा सुनाई गई और 2023 में उनकी अंतिम अपील खारिज कर दी गई। वह वर्तमान में यमन की राजधानी सना की एक जेल में कैद हैं और उन्हें 16 जुलाई को हत्या के मामले में फांसी दिए जाने की संभावना है।
क्या रुक सकती है फांसी
सुप्रीम कोर्ट में दाखिल याचिका में शरिया कानून का जिक्र किया गया है। वरिष्ठ अधिवक्ता रजेंथ बसंत और चन्द्रन ने बताया कि शरिया कानून के तहत मृतक के परिवार को 'ब्लड मनी' के भुगतान की अनुमति पर विचार किया जा सकता है। 'ब्लड मनी' का मतलब दंड से बचने के लिए दिए जाने वाले उस आर्थिक मुआवजे से है, जो दोषी की तरफ से पीड़ित परिवार को दिया जाता है। उन्होंने दलील दी कि अगर 'ब्लड मनी' का भुगतान किया जाता है तो मृतक का परिवार केरल की नर्स को माफ कर सकता है।
