प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार (दो अक्टूबर, 2022) को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और देश के दूसरे प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर उन्हें नमन किया। बापू की 153वीं जयंती पर वह देश की राजधानी दिल्ली में बने राजघाट पहुंचे।
वहां सभी को नमस्कार करते हुए पीएम ने एंट्री ली और फिर गांधी के समाधि स्थल के पास जाकर सिर झुका नमन किया। उन्होंने इसके बाद समाधि पर फूल अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और फिर 'परिक्रमा' की। पीएम जब राजघाट पहुंचे थे, तो वहां उनके साथ केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी भी पीछे थे।
#WATCH | Delhi: PM Narendra Modi pays tribute to Mahatma Gandhi at Rajghat on #GandhiJayanti (Source: DD) t.co/HUZyZKzjJM
— ANI (@ANI) Oct 2, 2022
पीएम ने राजघाट जाने से पहले बापू को लेकर सोशल मीडिया पर एक पोस्ट भी किया था। देखिए, उन्होंने ट्वीट के जरिए कैसे राष्ट्रपिता को याद कियाः
Paying homage to Mahatma Gandhi on #GandhiJayanti. This Gandhi Jayanti is even more special because India is markin… t.co/o6Uf5ag3FL
— ANI (@ANI) Oct 2, 2022
दिल्ली में यमुना के पश्चिमी किनारे पर बापू की समाधि है। काले संगमरमर से बनी इस समाधि पर उनके अंतिम शब्द 'हे राम' लिखा है। वैसे, राजघाट मौजूदा समय में एक बेहतरीन और खूबसूरत उद्यान का स्वरूप ले चुका है। यहां सुंदर फव्वारे और अनेक किस्म के पेड़ हैं। पास ही शांति वन में भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू की समाधि भी है। भारत आने वाले विदेशी उच्चाधिकारी गांधी को श्रद्धांजलि देने राजघाट जरूर आते हैं।
"On International Day of Non-Violence, we celebrate Mahatma Gandhi’s birthday & values of peace, respect & the esse… t.co/ZBlFzwXi8P
— ANI (@ANI) Oct 2, 2022
भारत के इतिहास में दो अक्टूबर बेहद खास दिन रहता है। ऐसा इसलिए, क्योंकि इस दिन न सिर्फ राष्ट्रपिता महात्मा गांधी का जन्म (दो अक्टूबर 1869) हुआ था, बल्कि शास्त्री भी इसी दिन पैदा हुए थे। पीएम ने बापू के बाद देश के दूसरे पीएम को भी उनके समाधि स्थल पर जाकर श्रद्धांजलि दी। देखिए, वीडियोः
#WATCH | Delhi: PM Narendra Modi pays tribute to former PM Lal Bahadur Shastri on his birth anniversary (source:… t.co/S2Go7SUKal
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प्रधानमंत्री ने इसके अलावा शास्त्री के जीवन से जुड़ा एक वीडियो भी अपने टि्वटर हैंडल से शेयर किया था। शास्त्री के समाधि स्थल को विजय घाट के नाम से जाना जाता है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने इससे पहले शनिवार को गांधी जयंती की पूर्व संध्या पर नागरिकों को बधाई दी और कहा कि यह सभी के लिए शांति, समानता और सांप्रदायिक सद्भाव के मूल्यों के लिए खुद को पुन: समर्पित करने का अवसर है।
Lal Bahadur Shastri Ji is admired all across India for his simplicity and decisiveness. His tough leadership at a v… t.co/x3Qe5RPPTo
— ANI (@ANI) Oct 2, 2022
