Tejashwi Yadav: बिहार में आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर सियासी घमासान जारी है। इस बीच, राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के नेता तेजस्वी यादव से यह पूछे जाने पर कि क्या वह आगामी विधानसभा चुनावों में बिहार के मुख्यमंत्री पद का चेहरा होंगे। राजद नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि सही समय आने पर इसकी घोषणा की जाएगी। आजतक को दिए साक्षात्कार में यादव ने कहा कि महागठबंधन की ओर से मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार पर फैसला सभी विपक्षी दलों के निर्णय के बाद किया जाएगा। बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता ने कहा कि सही समय आने पर हम यह (मुख्यमंत्री पद के चेहरे की घोषणा) करेंगे। हमारी अपनी रणनीति है। सभी विपक्षी दलों के बीच सहमति होनी चाहिए। हमारे बीच कोई मतभेद नहीं है। 243 विधानसभा सीटों वाले बिहार में इस साल अक्टूबर या नवंबर में चुनाव होने की संभावना है।
बिहार में सीएम पद की रेस को लेकर RJD नेता तेजस्वी यादव का आया बयान
सीएम नीतीश कुमार ने प्रदेश के लिए कुछ नहीं किया: तेजस्वी
तेजस्वी यादव ने नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली सरकार की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि पिछले 20 वर्षों में कोई कारखाना और स्कूल स्थापित नहीं किया गया और इस अवधि के दौरान कोई रोजगार पैदा नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि अगर कोई सबसे गरीब राज्य है, तो वह बिहार है। अगर सबसे ज्यादा पलायन होता है, तो वह बिहार से होता है। अगर सबसे ज्यादा बेरोजगारी है, तो वह बिहार में है। न तो पीएम नरेंद्र मोदी और न ही सीएम नीतीश कुमार ने कुछ किया। जहां तक चीनी मिलों का सवाल है, प्रधानमंत्री ने पिछले 11 वर्षों में एक भी चीनी मिल शुरू नहीं की है। मुझे याद है कि वह लगभग 15 साल पहले कहा करते थे, हम इस चीनी मिल की चाय पीएंगे। लेकिन, उन्होंने अभी तक एक भी चीनी मिल नहीं लगाई है।
महागठबंधन के कार्यकाल में 17 महीने तक उपमुख्यमंत्री रहने के दौरान लिए गए निर्णयों को याद करते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि उन्होंने रीगा में एक चीनी मिल स्थापित की, पांच लाख लोगों को सरकारी नौकरी दी और 4.5 लाख निजी शिक्षकों को सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया, जो प्रमुख निर्णय थे। उन्होंने कहा कि हमने सरकारी अस्पतालों में अचानक छापे मारे। हमने 700 डॉक्टरों को बर्खास्त कर दिया जो अपनी ड्यूटी पर नहीं आए थे, जो पहले कभी नहीं हुआ था। हमने 200 मुफ्त दवाओं की सीमा बढ़ाकर 600 कर दी। हमने निवेशकों की बैठक आयोजित करके बिहार के लिए 50000 करोड़ रुपये का समझौता ज्ञापन (एमओयू) हासिल किया।
बिहार में बिगड़ती कानून व्यवस्था के लिए नीतीश सरकार जिम्मेदार
राजद नेता ने कहा कि पिछले 20 वर्षों से राजग सरकार के शासन के बावजूद बिहार को विशेष दर्जा नहीं दिया गया। उन्होंने कहा कि 20 साल में हमने नीतीश सरकार के तहत 75 से 100 घोटाले देखे हैं। राजद नेता तेजस्वी यादव ने पीएम मोदी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि बिहार में डबल इंजन की सरकार है। आपने बिहार को विशेष दर्जा नहीं दिया और न ही राज्य को विशेष पैकेज दिया। आप आते हैं और भाषण देते हैं, लेकिन वे न तो किसी का पेट भरते हैं और न ही रोजगार देते हैं। नीतीश कुमार को थका हुआ बताते हुए उन्होंने बिहार में बिगड़ती कानून व्यवस्था के लिए उनकी सरकार की आलोचना की।
