Mukhtar Ansari: गाजीपुर सीट से समाजवादी पार्टी (सपा) के उम्मीदवार अफजाल अंसारी ने अपने भाई माफिया डॉन मुख्तार अंसारी की सेहत पर बड़ा बयान दिया है। अफजाल ने यूपी सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए मंगलवार को कहा कि उसके भाई को मारने के लिए सरकार की पूरी मशीनरी लगी हुई है। मुख्तार को मारने की कोशिश की गई है। बता दें कि बांदा जेल में बंद माफिया डॉन मु्ख्तार अंसारी की सोमवार रात तबीयत बिगड़ गई जिसके बाद उसे बांदा मेडिकल कॉलेज के आईसीयू में भर्ती कराया गया।
मुख्तार ने पेट में दर्द होने की शिकायत की थी
आईसीयू और मेडिकल कॉलेज के बाहर भारी संख्या में पुलिसकर्मी तैनात हैं। डॉक्टरों का कहना है कि अंसारी का इलाज हो रहा है और उसकी हालत स्थिर है। सूत्रों के मुताबिक मुख्तार ने पेट में लगातार दर्द होने की शिकायत की थी। जेल में बाथरूम जाते समय वह गिर पड़ा जिसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया।
बांदा पहुंचे मुख्तार के परिजन
जानकारी के मुताबिक मुख्तार के तबीयत बिगड़ने की जानकारी प्रशासन ने उसके परिवार वालों को दी। उन्हें वायरलेस से संदेश भेजकर तत्काल अस्पताल बुलाया गया। परिजन बांदा पहुंच गए हैं लेकिन अभी किसी को मुख्तार से मिलने की इजाजत नहीं है।
जेल में 'धीमा जहर' देने का आरोप
अंसारी ने कहा कि विगत 21 मार्च को बाराबंकी की अदालत में एक मामले की वर्चुअल माध्यम से सुनवाई के दिन मुख्तार के वकील ने अदालत में दरख्वास्त दी थी जिसमें आरोप लगाया गया था कि उसके मुवक्किल को जेल में 'धीमा जहर' दिया गया है जिससे उसकी हालत बिगड़ती जा रही है। बांदा मेडिकल कॉलेज द्वारा जारी एक मेडिकल बुलेटिन के अनुसार, "मुख्तार अंसारी को तड़के तीन बजकर 55 मिनट पर पेट में दर्द की शिकायत होने पर भर्ती कराया गया था और चार-पांच दिनों से पेट में काफी दर्द था। उपचार शुरू हो गया है। वर्तमान में रोगी की हालत स्थिर है।"
कई मामलों में मुख्तार को हुई है सजा
बांदा मेडिकल कॉलेज पहुंचे मुख्तार के रिश्तेदार मंसूर अंसारी ने कहा कि उन्हें उनसे यह कहते हुए नहीं मिलने दिया गया कि वह इसके लिए बांदा जेल अधीक्षक से अनुमति लेकर आएं। मुख्तार से मुलाकात करके आए उसके वकील नसीम हैदर ने बताया ‘उनकी हालत थोड़ी बेहतर हुई है। अल्ट्रासाउंड और अन्य रिपोर्टों का इंतजार है। उनके पेट में दर्द है।’ मऊ से कई बार विधायक रह चुके मुख्तार अंसारी को विभिन्न मामलों में सजा सुनाई गई है और वह इस वक्त बांदा की जेल में निरुद्ध है।
