Uric Acid Test: सर्दी के सीजन में यूरिक एसिड के बारे में ज्यादा बातें सुनने को मिलती हैं। क्योंकि इस दौरान जोड़ों में दर्द और सूजन की समस्या ज्यादा होने लगती है। आजकल जोड़ों में दर्द, सूजन और गठिया जैसी समस्याओं के बढ़ते मामलों के बीच यूरिक एसिड शब्द बहुत आम हो गया है। कुछ लोग रिपोर्ट में बढ़ा हुआ यूरिक एसिड देखकर घबरा जाते हैं, लेकिन सही जानकारी होने पर इस समस्या को समय रहते कंट्रोल किया जा सकता है। आइए समझते हैं कि यूरिक एसिड का पता लगाने के लिए कौन-सा टेस्ट कराना चाहिए और इसका सामान्य स्तर कितना होना चाहिए?
यूरिक एसिड का टेस्ट क्या है?
यूरिक एसिड क्या होता है?
यूरिक एसिड शरीर में बनने वाला एक अपशिष्ट पदार्थ है, जो प्यूरीन नाम के तत्व के टूटने से बनता है। यह सामान्य रूप से खून में घुलकर किडनी के जरिए पेशाब द्वारा शरीर से बाहर निकल जाता है। लेकिन जब शरीर में इसकी मात्रा ज्यादा बनने लगे और किडनी इसे ठीक से फिल्टर न कर पाए, तो शरीर में इसका लेवल बढ़ने लगता है। इससे गठिया या किडनी स्टोन जैसी समस्याएं पैदा हो सकती हैं।
यूरिक एसिड के लिए कौन सा टेस्ट कराना चाहिए?
खून में यूरिक एसिड के लेवल का पता लगाने के लिए आमतौर पर ब्लड यूरिक एसिड टेस्ट (Serum Uric Acid Test) किया जाता है। इस टेस्ट में खून का सैंपल लेकर उसकी जांच की जाती है। जिससे पता चलता है कि शरीर में यूरिक एसिड का लेवल कितना है। इसके अलावा जरूरी होने पर डॉक्टर यूरिन टेस्ट भी कराने की सलाह दे सकता है।
यूरिक एसिड का नॉर्मल लेवल क्या है?
आमतौर पर यूरिक एसिड का नॉर्मल लेवल महिला और पुरुष के आधार पर अलग-अलग होता है। जिसमें पुरुष के लिए इसका लेवल लगभग 3.4 से 7.0 mg/dL और महिला के लिए इसका लेवल लगभग 2.4 से 6.0 mg/dL के बीच नॉर्मल माना जाता है।
यदि पुरुषों में 7 mg/dL से ज्यादा और महिलाओं में 6 mg/dL से ज्यादा यूरिक एसिड का स्तर होता है, तो इसे हाई यूरिक एसिड माना जाता है। जिसके बाद डॉक्टर की सलाह पर इसका इलाज कराना जरूरी है।
डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी तरह का बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।
